Uttar Pradesh SIR Row: उत्तर प्रदेश के पीलीभीत के बाद अब आजमगढ़ की मतदाता सूची में सामने आई गड़बड़ियों के बाद चुनाव आयोग ने सख्त कार्रवाई की। समाजवादी पार्टी (SP) ने विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र-347 आजमगढ़ की मतदाता सूची में 'विकास यादव' नाम के व्यक्ति का नाम 10 बार दर्ज होने का आरोप लगाया था। इस मामले का संज्ञान लेते हुए कराई गई जांच में मतदाता सूची में नामों से जुड़ी गड़बड़ियां सामने आई हैं।
9 अधिकारियों पर गिरी गाज
इस मामले में कंप्यूटर सहायक और पांच बूथ लेवल अधिकारियों (BLO), तत्कालीन निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी और दो सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम, 1950 की धारा 32 के तहत कार्रवाई किए जाने से पहले संबंधित कर्मचारियों और अधिकारियों को नोटिस जारी कर अपना पक्ष रखने का अवसर दिया जाएगा।
प्राप्त जानकारी के मुताबिक, कंप्यूटर सहायक और पांच बूथ लेवल अधिकारियों को मतदाता सूची से संबंधित कार्यों से तत्काल हटाने का निर्देश दिया। साथ ही, सेवा समाप्त करने के संबंध में भी नोटिस जारी किए गए, जबकि तत्कालीन निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी और दो सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों के खिलाफ विभागीय कार्यवाही शुरू करने के निर्देश दिए गए हैं।
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जांच में 13 बार मिला 'विकास यादव' का नाम
निर्वाचन विभाग की जांच में सामने आया कि आजमगढ़ विधानसभा क्षेत्र की वोटर लिस्ट में 'विकास यादव' नाम 13 बार दर्ज था। इनमें से दो नामों को पहले ही हटाया जा चुका था, जबकि बाकी के 11 नाम अलग-अलग व्यक्तियों से संबंधित हैं। इन 11 व्यक्तियों में वास्तविक विकास यादव को छोड़कर अन्य 10 लोगों के नाम और दूसरे विवरण में सुधार के लिए फॉर्म-8 भरवाए गए हैं।
वोटिंग लिस्ट की होगी जांच
आजमगढ़ की मतदाता सूची में सामने आई गड़बड़ी के बाद जिले के सभी निर्वाचन क्षेत्रों की वोटर लिस्ट की भी इसी बिंदु पर गहन जांच की जाएगी। जिला निर्वाचन अधिकारी को निर्देश दिया गया है कि सभी विधानसभा क्षेत्रों की मतदाता सूचियों की जांच कर विस्तृत रिपोर्ट एक सप्ताह के भीतर प्रस्तुत करें।
