मथुरा : यमुना एक्सप्रेस-वे पर मंगलवार को हुए बड़े हादसे में अब तक 13 लोगों की मौत हो चुकी है। बलदेव थाना क्षेत्र में 127 किलोमीटर माइलस्टोन के पास हुए भीषण सड़क हादसे में जो भी शव मिले थे, उन्हें पोस्टमार्टम हाउस भेजा गया था। अब तक 13 मौतें कन्फर्म हैं। दरअसल, घटना के समय कोहरे के कारण दृश्यता लगभग जीरो थी और एक के बाद एक बसें और तीन कारें आपस में टकरा गईं। टक्कर इतनी भीषण थी कि कई वाहनों में धमाके के साथ आग लग गई।
सीएम योगी ने दिए ये निर्देश
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मथुरा सड़क हादसे का संज्ञान लेते हुए मृतकों के शोक संतप्त परिजनों के प्रति संवेदना व्यक्त की। इस दुखद हादसे के बाद सीएम ने अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए हैं। सीएम ने सभी मंडलायुक्त, आईजी, जिलाधिकारियों, और ट्रैफिक पुलिस बलों को सख्त निर्देश देते हुए कहा है कि घने कोहरे में ठीक से प्रबंधन होना चाहिए। सड़कों और गलियों की लाइट को लगातार चेक किया जाए और लाइट अगर खराब हो तो उसे तुरंत ठीक कराया जाए।
हादसों का विश्लेषण कर डार्क स्पॉट को चिन्हित कर समुचित कदम उठाए जाएं। राजमार्गों सड़कों पर जरूरत के हिसाब से रिफ्लेक्टर बनाने के निर्देश दिए गए हैं। सीएम ने कहा कि NHAI, स्टेट हाईवे के अधिकारियों के साथ मीटिंग कर व्यवस्थाएं दुरुस्त की जाएं। एक्सप्रेस-वे पर पेट्रोलिंग बढ़ाएं और हर ब्लैक स्पॉट पर पहले से टीमें तैनात रहें।
धुंध और कोहरे के दौरान 'ट्रैवल गाइडलाइन'
- धुंध के दौरान वाहन की गति निर्धारित सीमा से कम रखें।
- वाहन की फॉग लाइट का प्रयोग करें और लो-बीम पर हेडलाइट रखें।
- इमरजेंसी इंडिकेटर्स को चालू रखें
- आगे चल रहे वाहन से पर्याप्त दूरी बनाए रखें
- एक्सप्रेस-वे पर बार-बार लेन बदलने से बचें
- ओवरटेकिंग बिल्कुल न करें
- यदि कोहरा बहुत घना हो, तो रिस्क न लें
- अपने वाहनों के पीछे रिफ्लेक्टर टेप जरूर लगाएं
