जहानाबाद : बिहार में पिछले एक साल से पुलों के गिरने की खबरें लगातार मिलती रही हैं। एक बार फिर एक निर्माणाधीन पुल ढह गया। जानकारी के मुताबिक, जहानाबाद में भारत माला एक्सप्रेसवे रोड को कनेक्ट करने के लिए यह ब्रिज तैयार किया जा रहा है। बिहार के पहले एक्सप्रेसवे यानी औरंगाबाद के आमस से नेपाल के जयनगर तक बन रहे है भारत माला एक्सप्रेस वे पर यह ब्रिज निर्मित किया जा रहा है। घटना में दो मजदूर जख्मी बताए जा रहे हैं दोनों को पीएमसीएच रेफर किया गया है। हालांकि, स्थानीय लोग अधिक लोगों के दबे होने की आशंका जता रहे हैं। हालांकि, अधिकारी इस बात से इनकार कर रहे हैं।
जहानाबाद में गिरा पुल
घटना जहानाबाद जिले के मोदनगंज प्रखंड के सादिकपुर रतन बिगहा के पास की है। इस बड़ी परियोजना के पुल ढहने से निर्माण कंपनी पर सवालिया निशान हैं। आपको बता दें कि आमस-जयनगर एक्सप्रेसवे बिहार का पहला एक्सप्रेसवे है, जो औरंगाबाद के आमस से शुरू होकर दरभंगा के जयनगर को कनेक्ट करेगा। यह एक्सप्रेसवे 189 किलोमीटर लंबा होगा और इसमें 6 लेन होंगे। यह दिल्ली-कोलकाता राष्ट्रीय राजमार्ग-19 से जुड़ेगा और बिहार के 7 जिलों को पार करेगा। ऐसे में यह घटना इस परियोजना के लिए बड़ा झटका है।
बिहार में पुलों के गिरने का सिलसिला जारी
दरअसल, बिहार में पिछले साल 18 दिनों में 12 पुल गिरे थे। सबसे पहले अररिया जिले में सिकटी प्रखंड में एक पुल गिरा था। इसके बाद पुल गिरने का सिलसिला शुरू हो गया और एक पखवाड़े में करीब 10 पुल गिर गए। अगर छोटे मोटे पुलों को मिलाकर देखें तो 3 जुलाई को तो एक दिन में ही पांच पुल गिर गए थे। इस परंपरा को ये इस पुल ने कायम रखा है।
