पटना: बिहार की राजनीति में 'ठाकुर का कुआं' वाला बयान तूल पकड़ता जा रहा है। जहां राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव राज्यसभा सांसद मनोज झा के समर्थन में उतर आए तो अब तेज प्रताप ने भी बड़ा बयान दिया है। तेज प्रताप ने अपने ट्विटर हैंडल पर टीवी सीरियल 'महाभारत' का एक वीडियो शेयर करते हुए लिखा, 'क्षत्रिय ब्राह्मण के रक्षा हेतु अपने प्राण तक न्योछावर कर देते हैं। इसका उदाहरण वेद, पुराण और हमारा इतिहास गवाह है कि जब भी ब्राह्मण पर कोई संकट आया है क्षत्रिय सदैव सबसे पहले आगे रहे हैं. लेकिन, आजकल के क्षत्रिय बस जाति के नाम का दिखावा करते हैं.
आरजेडी सांसद मनोज झा ने राज्यसभा में ठाकुरों पर जो कविता सुनाई उसको को लेकर बिहार में सियासी घमासान मचा हुआ है. जहां आरजेडी विधायक चेतन आनंद ने मनोज झा की तुलना फिटकरी से कर दी। वहीं लालू यादव ने मनोज झा के समर्थन में कहा है कि बाहुबली और पूर्व सांसद आनंद मोहन को संयम बरतने की सलाह दी है। उन्होंने कहा कि मनोज झा विद्वान आदमी हैं। सही बात वो बोले हैं। किसी ठाकुर या राजपूत के खिलाफ उन्होंने कुछ नहीं बोला हैं।
विधायक चेतन आनंद ने कहा बर्दाश्त नहीं होंगे ऐसे बयान
विवादों में आए मनोज झा के बयान पर विधायक चेतन आनंद ने कहा, ''ठाकुर समाज सभी को साथ लेकर चलते हैं और समाजवाद में किसी एक जाति को टारगेट करने में 'समाजवाद के नाम पर दोगलापन' है. उन्होंने कहा कविता के जरिए ठाकुर समाज को मनोज झा ने पूरी तरीके से विलेन के रूप में पेश किया है. आगे चेतन आनंद ने कहा कि मनोज झा के बयान से तेजस्वी यादव के राजद को A to Z की पार्टी बनाने के कदम को झटका लगा है. बाहुबली विधायक ने कहा ऐसे बयानों को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
लालू यादव ने आनंद मोहन को सुनाई खरी खोटी
इसके बाद लालू यादव ने एक न्यूज चैनल से बातचीत के दौरान कहा, आनंद मोहन को जितनी बुद्धि होगी, उतना ही बोलेगा ना. लालू ने कहा, आनंद मोहन पहले अपनी अक्ल और शक्ल देखें. चेतन आनंद को भी अक्ल नहीं है. लालू के तेवर के बाद तेज प्रताप के इस बयान से ट्विटर पर लोगों की कड़ी प्रतिक्रियाएं देखने को मिल रही हैं।
