देश के सबसे लंबे एक्सप्रेसवे का नाम क्या है? इस प्रश्न का उत्तर तो सभी जानते हैं कि दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे है जो 1386 किमी लंबा होने वाला है और अभी निर्माणाधीन है। जब पूछा जाता है कि यूपी यानी उत्तर प्रदेश का सबसे लंबा एक्सप्रेसवे कौन सा है तो कई लोग इस प्रश्न के उत्तर में फंस जाते हैं। तो बता देते हैं कि उत्तर प्रदेश का सबसे लंबा एक्सप्रेसवे गंगा एक्सप्रेसवे है जो अभी निर्माणाधीन है। इस एक्सप्रेसवे को लेकर एक खुश कर देने वाला अपडेट ये है कि इसे अगले महीने यानी जनवरी 2026 में आम जनता के लिए खोला जा सकता है। चलिए जानते हैं।
पश्चिमी उत्तर प्रदेश में मेरठ को पूर्वी यूपी के प्रयागराज से जोड़ने वाला 594 किमी लंबा गंगा एक्सप्रेसवे यूपी का सबसे लंबा एक्सप्रेसवे होगा। यह एक्सप्रेसवे राज्य की अर्थव्यवस्था के लिए गेमचेंजर साबित हो सकता है। एक्सप्रेसवे पर ट्रायल दिसंबर 2025 के अंतिम कुछ दिनों में शुरू हो जाएगा। माना जा रहा है कि मकर संक्रांति के बाद गंगा एक्सप्रेसवे को आम जनता के लिए खोला जा सकता है।
कौन करेगा उद्घाटन
गंगा एक्सप्रेसवे का उद्घाटन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ कर सकते हैं। इस एक्सप्रेसवे का निर्माण उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (UPEIDA) कर रहा है और परियोजना का काम अंतिम चरणों में है। उत्तर प्रदेश के इस सबसे लंबे एक्सप्रेसवे के उद्घाटन के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भी न्योता दिया जा सकता है। बता दें कि पीएम मोदी ने ही 18 दिसंबर 2021 को इस एक्सप्रेसवे की नींव भी रखी थी।
UPEIDA के अधिकारियों से हरी झंडी मिलने के बाद जनवरी में मकर संक्रांति के बाद एक्सप्रेसवे को आम ट्रैफिक के लिए खोला जा सकता है। इससे पहले अधिकारी दिसंबर के अंतिम दिनों में एक्सप्रेसवे पर जगह-जगह होने वाले ट्रायल का जायजा लेंगे। ट्रायल के बाद सुरक्षा और संरक्षा रिपोर्ट्स सरकार को सौंपी जाएंगी। एक्सप्रेसवे के उद्घाटन को लेकर UPEIDA और NHAI के अधिकारियों के बीच बैठक भी होगी।
एक नजर में गंगा एक्सप्रेसवे की खास बातें
- गंगा एक्सप्रेसवे पर मैक्सिम स्पीड लिमिट 120 किमी प्रति घंटा होगी
- फिलहाल 6 लेन के गंगा एक्सप्रेसवे को भविष्य में 8 लेन तक बढ़ाया जा सकता है
- गंगा एक्सप्रेसवे मेरठ में बिजौली गांव से शुरू होकर प्रयागराज जिले में जुदापुर दांडू गांव तक बनाया गया है
- फिलहाल 12 घंटे का सफर, गंगा एक्सप्रेसवे शुरू होने के बाद 6 घंटे का रह जाएगा
- एक्सप्रेसवे का काम 99 फीसद तक पूरा हो चुका है और जनवरी में इसका उद्घाटन हो सकता है।
दूसरे एक्सप्रेसवेज से भी होगी कनेक्टिविटी
गंगा एक्सप्रेसवे पश्चिमी उत्तर प्रदेश को पूर्वी यूपी से जोड़ते हुए सबसे लंबा एक्सप्रेसवे बनाया गया है। जाहिर है यह राज्य के अन्य कई हिस्सों तक भी कनेक्टिविटी बेहतर बनाएगा। राज्य के कई अन्य एक्सप्रेसवे इससे जुड़ेंगे। आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे और यमुना एक्सप्रेसवे के साथ ही पूर्वांचल एक्सप्रेसवे से जुड़कर यह राज्य में रोड नेटवर्क को बेहतर बनाएगा और पड़ोसी राज्यों तक भी आवाजाही आसान बनाएगा। गंगा एक्सप्रेसवे को नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट, दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे से भी कनेक्टिविटी मिलेगी। 90 किमी लंबे फर्रुखाबाद लिंक एक्सप्रेसवे को भी गंगा एक्सप्रेसवे से कनेक्ट किया जाएगा। इसके अलावा मेरठ के पास यह एक्सप्रेसवे, दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे से भी जुड़ेगा। कुल मिलाकर यह एक्सप्रेसवे यूपी और पड़ोसी राज्यों के लिए बेहतरीन कनेक्टिविटी प्रदान करेगा। एक्सप्रेसवे के दोनों ओर इंडस्ट्रियल कॉरिडोर बनाए जाएंगे, जिससे रोजगार के अवसर पैदा होंगे।

उत्तर प्रदेश के बड़े एक्सप्रेसवे की लिस्ट
कितने जिलों को जोड़ेगा गंगा एक्सप्रेसवे
जैसा कि हमने ऊपर ही बताया गंगा एक्सप्रेसवे पश्चिमी यूपी को पूर्वी उत्तर प्रदेश से जोड़ेगा, तो यह कई जिलों को बेहतरीन कनेक्टिविटी देगा। इस एक्सप्रेसवे से कुल 13 जिले जुडेंगे और यह 12 जिलों से होते हुए गुजरेगा।
- मेरठ
- हापुड़
- बुलंदशहर
- अमरोहा
- संभल
- बदायूं
- शाहजहांपुर
- उन्नाव
- हरदोई
- रायबरेली
- प्रतापगढ़
- प्रयागराज
लड़ाकू विमान उतरेंगे गंगा एक्सप्रेसवे पर
गंगा एक्सप्रेसवे को इस तरह से डिजाइन किया गया है कि इमरजेंसी हालात में इस पर लड़ाकू विमान उतर सकते हैं। एक्सप्रेसवे पर 5 ऐसी जगहें बनाई गई हैं। बता दें कि यमुना एक्सप्रेसवे और लखनऊ एक्सप्रेसवे पर लड़ाकू विमान उतारने के टेस्ट हो चुके हैं। पूर्वांचल एक्सप्रेसवे और बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे पर भी राफेल, सुखोई और जगुआर जैसे भारतीय वायु सेना के फाइटर जेट के लैंड करने की जगहें बनाी गई हैं।
नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के लिए लिंक एक्सप्रेसवे
उत्तर प्रदेश के तमाम बड़े-बड़े शहरों को गंगा एक्सप्रेसवे से कनेक्टिविटी उपलब्ध कराई जा रही है। गंगा एक्सप्रेसवे को एक लिंक एक्सप्रेसवे के जरिए जेवर में बन रहे देश के सबसे बड़े नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से भी जोड़ा जाएगा। इसके लिए गौतमबुद्ध नगर और बुलंदशहर के 56 गावों से होते हुए 74 किमी लंबा लिंक एक्सप्रसेवे बनाया जाएगा। YEIDA के मुताबिक लिंक एक्सप्रेसवे बुंदेलखंड में स्याना क्षेत्र में गंगा एक्सप्रेसवे के किलोमीटर 44.3 से यमुना एक्सप्रेसवे के किमी 24.8 यानी फिल्म सिटी को जोड़ेगा। लिंक एक्सप्रेसवे का 20 किमी हिस्सा यमुना अथॉरिटी क्षेत्र में होगा।
