दिल्ली में आज का मौसम (11 Feb 2026): दिल्ली-एनसीआर में मौसम ने अपनी चाल बदल ली है। पिछले कुछ दिनों से चल रही सर्द और तेज हवाओं के थमते ही अब राजधानी और आसपास के इलाकों में समय से पहले ही गर्मी ने दस्तक दे दी है। धूप की बढ़ती तपिश का आलम यह है कि फरवरी के दूसरे सप्ताह में ही लोगों को अप्रैल जैसी गर्माहट महसूस होने लगी है।
दिल्ली में जल्द ही आएगी बारिश
हवाएं रुकीं, धूप बढ़ी
दिल्ली-एनसीआर में पिछले 72 घंटों में हवाओं के पैटर्न में बड़ा बदलाव आया है। तीन दिन पहले जहां 40 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चल रही हवाएं कंपकंपी बढ़ा रही थीं, वहीं अब वे लगभग शांत हो चुकी हैं। हवाओं की गति धीमी होते ही धूप की चटक बढ़ गई है, जिससे दोपहर के वक्त लोगों को तीखी गर्मी का सामना करना पड़ रहा है। मौसम विभाग का मानना है कि आने वाले दिनों में धूप और अधिक तीखी होगी।
फरवरी में ही 'अप्रैल' जैसा अहसास
तापमान में हो रही इस अचानक बढ़ोतरी अब साफ महसूस हो रही है। 9 फरवरी को दिल्ली का अधिकतम तापमान 26.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो इस सीजन का सबसे गर्म दिन रहा। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार, फरवरी के मध्य में अमूमन पारा इतना ऊपर नहीं जाता, लेकिन इस बार सर्दी की विदाई समय से पहले होती दिख रही है।
16 फरवरी तक कैसा रहेगा मौसम का हाल?
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, 16 फरवरी तक दिल्ली-NCR का मौसम पूरी तरह साफ रहेगा। इस दौरान बारिश या घने कोहरे की कोई संभावना नहीं है। आज बुधवार को अधिकतम तापमान 27 डिग्री और न्यूनतम 12-13 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है। 16 फरवरी तक पारा 26 से 14 डिग्री के बीच बना रहेगा, जिससे रातें भी अब उतनी सर्द नहीं रहेंगी जितनी जनवरी में थीं।
तापमान बढ़ने की क्या है मुख्य वजह?
इस साल ठंड का असर जल्दी कम होने का सबसे बड़ा कारण बारिश की कमी है। उत्तर-पश्चिम भारत में सर्दियों के दौरान होने वाली 'वेस्टर्न डिस्टरबेंस' (पश्चिमी विक्षोभ) की बारिश इस बार न के बराबर रही है। शुष्क मौसम और बादलों की अनुपस्थिति की वजह से सूर्य की किरणें सीधे जमीन को गर्म कर रही हैं, जिससे तापमान तेजी से ऊपर चढ़ रहा है। हालांकि, स्काईमेट वेदर के अनुसार 16 फरवरी के बाद एक सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के कारण राजस्थान, पंजाब और हरियाणा के साथ दिल्ली में हल्की बारिश की संभावना बन सकती है, जिससे पारे में आंशिक गिरावट आ सकती है।
