Agle 10 Din Ka Mausam Kaisa Rahega (अगले 10 दिन का मौसम): देश के कई हिस्सों में मानसून सक्रिय रहने के चलते अगले 10 दिनों तक बारिश का दौर जारी रहने का अनुमान है। दिल्ली समेत उत्तर भारत, मध्य भारत, पूर्वोत्तर, पश्चिमी और दक्षिणी राज्यों में अलग-अलग अवधि के दौरान बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं। कुछ क्षेत्रों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना को देखते हुए मौसम विभाग (IMD) ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। वेदर सिस्टम की बात करें तो मानसून ट्रफ का पश्चिमी सिरा समुद्र तल पर अपनी सामान्य स्थिति से उत्तर की ओर बना हुआ है, जबकि इसका पूर्वी सिरा सामान्य स्थिति के आसपास है।
अगले 10 दिन का मौसम
पूर्वोत्तर मध्य प्रदेश और आसपास के इलाकों में सक्रिय अच्छी तरह चिह्नित निम्न दबाव का क्षेत्र (Low Pressure Area) कमजोर होकर निम्न दबाव क्षेत्र में बदल गया है और 21 अगस्त 2026 को सुबह 8:30 बजे तक इसी क्षेत्र में स्थित रहा। इसके अलावा, मध्य म्यांमार और आसपास के क्षेत्रों में निचले क्षोभमंडलीय स्तर पर चक्रवाती परिसंचरण (Cyclonic Circulation) बना हुआ है। उत्तर हरियाणा, दक्षिण गंगीय पश्चिम बंगाल से सटे झारखंड और दक्षिण-पश्चिम मध्य प्रदेश में भी निचले स्तर पर चक्रवाती परिसंचरण सक्रिय हैं। वहीं, उत्तर बंगाल की खाड़ी और उससे सटे बांग्लादेश के ऊपर मध्य क्षोभमंडलीय स्तर पर एक चक्रवाती परिसंचरण मौजूद है। इसके साथ ही पश्चिम-मध्य तथा उससे सटे उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी और उत्तर आंध्र प्रदेश से दक्षिण ओडिशा के तटीय क्षेत्रों के ऊपर भी मध्य स्तर पर चक्रवाती परिसंचरण बना हुआ है। इन मौसमी प्रणालियों के कारण आने वाले दिनों में देश के कई हिस्सों में बारिश और मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है।
दिल्ली और आसपास के इलाकों में अगले 10 दिन का मौसम
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, दिल्ली और आसपास के क्षेत्रों में आने वाले दिनों में मौसम मुख्य रूप से बादलों से घिरा रहने और रुक-रुककर बारिश होने की संभावना है। 22 अगस्त को दिल्ली-चंडीगढ़ और हरियाणा में कई स्थानों पर बारिश हो सकती है, जबकि 21 और 22 अगस्त के दौरान दिल्ली समेत आसपास के इलाकों में कुछ जगहों पर तेज बारिश भी देखने को मिल सकती है। इसके बाद 23 से 27 अगस्त के बीच उत्तर-पश्चिम भारत के अधिकांश हिस्सों में कहीं हल्की तो कहीं मध्यम बारिश की गतिविधियां जारी रहने की संभावना है। पूर्वी उत्तर प्रदेश में भी 22 से 24 अगस्त के बीच बारिश के आसार हैं। दिल्ली में इस दौरान अलग-अलग समय पर बादल छाने और स्थानीय मौसम प्रणालियों के प्रभाव से बारिश होने की संभावना बनी रहेगी।
मध्य भारत में जारी रहेगा बारिश का दौर
मध्य भारत में अगले 10 दिनों के दौरान मानसून सक्रिय रहने के कारण कई इलाकों में बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। पश्चिमी मध्य प्रदेश में 21 से 25 अगस्त तक अनेक स्थानों पर बारिश होने के बाद 26 और 27 अगस्त को कुछ जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। पूर्वी मध्य प्रदेश में 21 से 26 अगस्त तक व्यापक बारिश के आसार हैं, जबकि 27 अगस्त को भी कुछ क्षेत्रों में बारिश जारी रह सकती है। विदर्भ में 23 से 25 अगस्त के बीच बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना है, जबकि 21-22 और 26-27 अगस्त को कुछ स्थानों पर बारिश हो सकती है। छत्तीसगढ़ में 21 से 27 अगस्त तक कई इलाकों में बारिश का सिलसिला बने रहने का अनुमान है। इस दौरान पश्चिमी और पूर्वी मध्य प्रदेश के साथ छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्सों में गरज-चमक और बिजली गिरने की घटनाएं भी हो सकती हैं। पश्चिमी मध्य प्रदेश में 21 से 25 अगस्त, पूर्वी मध्य प्रदेश में 23 से 26 अगस्त और छत्तीसगढ़ में 21 से 27 अगस्त के बीच कुछ स्थानों पर भारी बारिश की संभावना है। वहीं, पूर्वी मध्य प्रदेश में 21 और 22 अगस्त को बहुत भारी बारिश का भी खतरा जताया गया है।
पूर्वोत्तर राज्यों में रहेगा मानसून सक्रिय
अगले 10 दिनों के दौरान पूर्वोत्तर राज्यों में मानसून की सक्रियता बनी रहने की संभावना है। अरुणाचल प्रदेश में 21 अगस्त तथा 26-27 अगस्त को कई स्थानों पर बारिश हो सकती है, जबकि 22 से 25 अगस्त के बीच कुछ इलाकों में छिटपुट वर्षा के आसार हैं। असम और मेघालय के साथ नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम व त्रिपुरा में 21 से 23 अगस्त और फिर 25 से 27 अगस्त के बीच व्यापक बारिश की संभावना है। इन राज्यों में 21 से 27 अगस्त के दौरान कुछ स्थानों पर भारी बारिश भी हो सकती है। अरुणाचल प्रदेश में 21 अगस्त तथा 23 से 27 अगस्त के बीच भारी वर्षा की संभावना जताई गई है। पश्चिमी भारत में भी बारिश का दौर अगले कई दिनों तक जारी रह सकता है। कोंकण और गोवा में 21 से 27 अगस्त के बीच अनेक स्थानों पर बारिश होने का अनुमान है। मध्य महाराष्ट्र में 26 अगस्त को व्यापक वर्षा की संभावना है, जबकि 21 से 25 अगस्त और 27 अगस्त को कुछ इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। गुजरात क्षेत्र, मराठवाड़ा और सौराष्ट्र-कच्छ में भी 21 से 27 अगस्त के दौरान अलग-अलग स्थानों पर बारिश होने के आसार हैं।
दक्षिण भारत में अगले 10 दिन के मौसम का हाल
दक्षिणी राज्यों में अगले 10 दिनों तक कई क्षेत्रों में बारिश की गतिविधियां बनी रह सकती हैं। तटीय आंध्र प्रदेश और यनम, उत्तर आंतरिक कर्नाटक, रायलसीमा, दक्षिण आंतरिक कर्नाटक, तमिलनाडु, पुडुचेरी एवं कराईकल और तेलंगाना में 21 से 27 अगस्त के बीच कुछ स्थानों पर बारिश होने की संभावना है। वहीं, तटीय कर्नाटक, केरल-माहे और लक्षद्वीप में इस अवधि के दौरान कई स्थानों पर बारिश हो सकती है। तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में 21 से 23 अगस्त के दौरान गरज-चमक के साथ तेज हवाएं चल सकती हैं, जिनकी रफ्तार 40-50 किमी प्रति घंटे तक पहुंचकर झोंकों में 60 किमी प्रति घंटे तक जा सकती है। उत्तर आंतरिक कर्नाटक में 21 से 24 अगस्त और तटीय आंध्र प्रदेश, यनम व रायलसीमा में 21 से 25 अगस्त तक आंधी-बिजली के साथ तेज हवाओं की संभावना है। तटीय तथा दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में भी 21 से 25 अगस्त के दौरान 30-40 किमी प्रति घंटे की हवाएं चलने की आशंका है। इसके अलावा, तमिलनाडु, पुडुचेरी और कराईकल में 24-25 अगस्त, केरल-माहे में 23-25 अगस्त तथा तटीय कर्नाटक और उत्तर आंतरिक कर्नाटक में 23-24 अगस्त को कुछ स्थानों पर भारी बारिश हो सकती है। इसके अलावा तटीय आंध्र प्रदेश, यनम, रायलसीमा और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक में 21 से 25 अगस्त तथा उत्तर आंतरिक कर्नाटक में 21 से 24 अगस्त के दौरान तेज सतही हवाएं चलने की संभावना है। ऐसे में मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि मौसम के ऐसे हालात 30-31 अगस्त तक बने रह सकते हैं।
