नौकरी पेशा लोगों को दीवाली के बोनस का इंतजार रहता है। अक्टूबर का महीना खत्म होने वाला है। ऐसे में सैलरी में बोनस का पैसा आ सकता है। बहुत सारे लोग बोनस के पैसे को निवेश करते हैं। अगर आप भी बोनस के पैसे से नया निवेश करने की सोच रहे हैं और कन्फ्यूज हैं कि लॉर्ज कैप म्यूचुअल फंड या स्मॉल कैप में किसे चुनें तो चलिए हम आपकी इस परेशानी को दूर करते हैं। आपको बताते हैं कि आपको अपना पैसा कहां लगानी चाहिए।
क्या है दोनों फंड में अंतर?
सेबी (SEBI) के म्यूचुअल फंड वर्गीकरण नियमों के तहत, लार्ज-कैप फंडों को अपनी संपत्ति का कम से कम 80% हिस्सा लार्ज-कैप शेयरों में निवेश करना होता है, जबकि स्मॉल-कैप फंडों को कम से कम 65% हिस्सा स्मॉल-कैप शेयरों में निवेश करना अनिवार्य है। नतीजतन, संबंधित बाजार सेगमेंट का प्रदर्शन फंड के रिटर्न पर काफी असर डालता है।
वैल्यूएशन के लिहाज से कौन बेहतर?
'ट्रेंडलाइन' (Trendlyne) डेटा के अनुसार, 22 अक्टूबर निफ्टी 100 (लार्ज-कैप बेंचमार्क) 18.9 के प्राइस-टू-अर्निंग (PE) रेशियो पर ट्रेड कर रहा है, जो इसके एक साल के औसत 20.8 से कम है। इसके विपरीत, स्मॉल-कैप सेगमेंट का बेंचमार्क 'निफ्टी स्मॉलकैप 250', 32.5 के PE रेशियो पर ट्रेड कर रहा है, जो इसके एक साल के औसत 30.7 से अधिक है। इस तरह, वैल्यूएशन के नजरिए से लार्ज-कैप फंड्स काफी आकर्षक स्थिति में हैं, जबकि हाल के रिटर्न और इनफ्लो (निवेश) के मामले में स्मॉल-कैप फंड्स आगे हैं।
नया पैसा कहां निवेश करना चाहिए?
मार्केट एक्सपर्ट का कहना है कि निवेशकों को हालिया परफॉरमेंस के पीछे भागने के बजाय, वैल्यूएशन पर ध्यान देना चाहिए और लार्ज-कैप फंड को प्राथमिकता देनी चाहिए। निवेशकों को सिस्टमैटिक इन्वेस्टमेंट प्लान (SIP) के जरिए लार्ज-कैप फंड में पैसा लगाना चाहिए।
(डिस्क्लेमर: TIMES NOW नवभारत किसी स्टॉक, म्यूचुअल फंड, आईपीओ या कमोडिटी में निवेश की सलाह नहीं देता है। यहां पर केवल जानकारी दी गई है। निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार की राय जरूर लें।)
