New Personal Loan Disbursement: भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की तरफ से लोन के लिए दंडात्मक जोखिम भार (Penal Risk Weighting) लगाने के बीच नए पर्सनल लोन के डिस्ट्रिब्यूशन में ग्रोथ रेट नवंबर में घटकर 18.6 प्रतिशत रह गई। पिछले साल की समान अवधि में पर्सनल लोन की वृद्धि दर 19.9 प्रतिशत रही थी। आरबीआई ने नवंबर के लिए बैंक लोन के अलग-अलग सेगमेंट में दिए लोन पर जारी अपनी रिपोर्ट में कहा है कि पर्सनल लोन आवंटन में सुस्ती के लिए हाउसिंग सेगमेंट में ताजा लोन वृद्धि में आई सुस्ती भी जिम्मेदार है। आंकड़ों के अनुसार, संयुक्त रूप से नवंबर के अंत में ताजा पर्सनल लोन डिस्ट्रिब्यूशन 50,56,524 करोड़ रुपये था, जबकि पिछले साल समान अवधि में यह 41,80,838 करोड़ रुपये था।
इस साल पर्सनल लोन में 20.9 प्रतिशत वृद्धि
हालांकि इस साल नवंबर महीने की पर्सनल लोन आवंटन ग्रोथ गिरकर 18.6 प्रतिशत रह गई, जबकि नवंबर, 2022 में यह 19.9 प्रतिशत दर्ज की गई थी। नवीनतम आंकड़ों में 41 बैंकों द्वारा दिए गए लोन शामिल हैं। आरबीआई आंकड़ों के अनुसार, चालू वित्त वर्ष में अभी तक पर्सनल लोन में 20.9 प्रतिशत वृद्धि हुई है।
कितनी है लोन राशि
कुल राशि में से, इंडस्ट्री सेक्टर को लोन की वृद्धि नवंबर 2023 में सालाना आधार पर 6.1 प्रतिशत घटकर 36,00,876 करोड़ रुपये रहगई। प्रमुख उद्योगों में, बेसिक मेटल्स और मेटल प्रोडक्ट्स, फूड प्रॉसेसिंग और टेक्सटाइल के लिए लोन ग्रोथ में तेजी आई, जबकि सभी इंजीनियरिंग, रसायन और रसायन उत्पादों और इंफ्रास्ट्रक्चर की लोन आवंटन रेट में गिरावट आई है।
कृषि सेक्टर को कितना मिला लोन
हालांकि नवंबर में कृषि और इससे जुड़ी गतिविधियों के लिए लोन की वृद्धि दर 18.2 प्रतिशत हो गई, जो पिछले साल समान महीने में 14 प्रतिशत थी। इस साल नवंबर में सर्विस सेक्टर को लोन देने की वृद्धि दर 21.9 प्रतिशत रही, जबकि एक साल पहले यह 21.3 प्रतिशत थी।
