Tips For Stock Market Volatility: शेयर बाजार (Stock Market) जब गिरता है, तो निवेशक घबराहट में बिकवाली करते हैं। मगर जानकार इसका उल्टा करने को कहते हैं। यानी गिरावट पर और अधिक निवेश करें ताकि ज्यादा मुनाफा मिल सके। दरअसल बाजार में गिरावट पर नए निवेशक जल्दी पैनिक हो जाते हैं। ऐसे निवेशक गिरावट पर जमकर बिकवाली करते हैं।
शेयर बाज़ार की अस्थिरता के लिए टिप्स
जानकार मानते हैं कि यदि किसी ने शेयरों में 60 फीसदी से अधिक निवेश किया हुआ है तो यह अधिक रिटर्न पाने के लिए बेहतर दांव हो सकता है। मगर यदि कोई अपने पोर्टफोलियो के 20-25 फीसदी पर ही जोखिम ले सकता है तो उसे इससे ज्यादा शेयरों में निवेश नहीं करना चाहिए। अगर आपने शेयरों में ज्यादा निवेश किया हुआ है, तो अस्थिरता आने पर स्टॉक्स पोर्टफोलियो कैसे मैनेज करें, आगे जानिए।
स्मॉल कैप में एक्सपोजर करें
शेयर बाजार में अस्थिरता आने पर सबसे पहला काम स्मॉल कैप में एक्सपोजर कम करने का करें। कम अस्थिर स्टॉक और फंड चुनने से आप अपने पोर्टफोलियो के जोखिम को कम कर सकते हैं। दरअसल स्मॉल कैप स्टॉक्स अधिक रिटर्न देने की क्षमता तो रखते हैं, मगर इनमें अस्थिरता भी अधिक होती है।
पोर्टफोलियो को डायवर्सिफाई बनाएं
यहां डायवर्सिफाई का मतलब है कि आप अलग-अलग सेक्टरों के शेयरों और विभिन्न मार्केट कैप वाली कंपनियों में पैसा लगाएं। यदि स्मॉल और मिड कैप में गिरावट आती है, तो लार्ज कैप आपके पोर्टफोलियो को संभाल सकते हैं। आपके शेयर अलग-अलग सेक्टर के भी होने चाहिए।
पोर्टिफोलियो को करें रीबैलेंस
अगर आपने अपनी क्षमता से अधिक जोखिम ले रखा है, तो उसे कंट्रोल करने का एक तरीका पोर्टफोलियो को रीबैलेंस करना है। यानी शेयर बाजार में अस्थिरता आने पर नुकसान वाली जगहों से पैसा निकाल लें और जहां प्रॉफिट की उम्मीद हो, वहां पैसा लगाएं।
फ्यूचर एंड ऑप्शन का करें इस्तेमाल
यदि आपके पास काफी बड़ा इक्विटी पोर्टफोलियो है, तो आपको पोर्टफोलियो को हेज (बचाव) करने के लिए डेरिवेटिव का उपयोग करने पर विचार करना चाहिए। पुट ऑप्शन खरीदने से आपके पोर्टफोलियो को शेयर बाजार में गिरावट से राहत मिल सकती है। पुट ऑप्शन आपको तब फायदा पहुंचाता है, जब शेयर बाजार में गिरावट आती है।
