फ्री-लुक अवधि के दौरान रद्द कर सकते हैं Life Insurance Policy, मिलेगा रिफंड

बिजनेस
डिंपल अलावाधी
Updated Nov 09, 2021 | 11:32 IST

Life Insurance Policy during free-look period: यदि आप जीवन बीमा पॉलिसी की सभी शर्तों को लेकर स्पष्ट हो जाते हैं और संतुष्ट हैं, तो आप अपनी पॉलिसी जारी रख सकते हैं अन्यथा आप फ्री-लुक अवधि के दौरान इसे रद्द भी कर सकते हैं।

Life Insurance Policy
फ्री-लुक अवधि के दौरान रद्द कर सकते हैं Life Insurance Policy (Pic: iStock) 
मुख्य बातें
  • जीवन बीमा पॉलिसी खरीदते समय कंपनियां फ्री-लुक अवधि (Free-look period) की पेशकश करती हैं।
  • यह अवधि के दौरान आप रिसर्च कर सकते हैं और क्रॉस-चेक कर सकते हैं कि पॉलिसी दस्तावेजों में लिखी शर्तें आपको मंजूर हैं या नहीं।
  • पॉलिसीधारक अवधि के दौरान पॉलिसी को रद्द करने के विकल्प का भी प्रयोग कर सकते हैं।

Life Insurance Policy during free-look period: अगर कोई जीवन बीमा पॉलिसी (Life Insurance Policy) खरीदता है, तो उसे पॉलिसी की शुरुआत में एक फ्री-लुक अवधि (Free-look period) की पेशकश की जाती है। यह अवधि पॉलिसीधारकों को पॉलिसी लेने के बाद भी रिसर्च करने का विकल्प देती है, और क्रॉस-चेक करती है कि पॉलिसी दस्तावेजों में लिखी शर्तें और उनकी शर्तें समान हैं या नहीं।

क्या है फ्री-लुक अवधि?
आपके द्वारा खरीदी गई नई बीमा पॉलिसी के बारे में अधिक स्पष्टता प्राप्त करने के लिए आप फ्री-लुक अवधि का उपयोग कर सकते हैं। फ्री लुक अवधि के दौरान, अगर बीमित व्यक्ति लाभ के बारे में स्पष्ट नहीं है या पॉलिसी को और बेहतर तरीके से समझना चाहता है, तो उसके पास बीमाकर्ता से सवाल पूछने की स्वतंत्रता होती है।

पॉलिसीधारकों के पास इंश्योरेंस पॉलिसी को रद्द करने का विकल्प
यदि आपको स्पष्टता मिल जाती है और आप संतुष्ट हैं, तो आप पॉलिसी को जारी रख सकते हैं, नहीं तो आप इस अवधि के दौरान इसे रद्द करने के विकल्प का भी प्रयोग कर सकते हैं। याद रखें कि रिफंड पाने के लिए फ्री लुक पीरियड के भीतर ही पॉलिसी को रद्द और बीमा कंपनी को वापस करना होगा। 

यहां जानें फ्री-लुक अवधि के दौरान बीमा पॉलिसी को रद्द करने और धनवापसी प्राप्त करने की प्रक्रिया।

रद्द करने का अनुरोध प्राप्त होने पर, बीमा कंपनी आपके द्वारा पॉलिसी को रद्द करने के कारणों को जानने के लिए आपसे संपर्क करेगी और समाधान प्रदान करने का प्रयास करेगी। हालांकि, अगर तब भी कोई पॉलिसी रद्द करना चाहता है, तो बीमा कंपनी को अनुरोध को संसाधित करना होगा और धनवापसी जारी करनी होगी। 

कितनी राशि मिलेगी वापस?
पॉलिसीधारक को वापस मिलने वाला धन अलग-अलग बीमाकर्ता के लिए भिन्न होता है। IRDAI के नियमों के अनुसार, यदि बीमित व्यक्ति ने फ्री लुक अवधि के दौरान कोई दावा नहीं किया है, तो वह बीमाकर्ता द्वारा चिकित्सा परीक्षण और स्टांप शुल्क पर किए गए खर्च के अलावा प्रीमियम की राशि वापस पाने का हकदार है।

क्लेम सेटलमेंट के समय समस्याओं से बचने के लिए पॉलिसी खरीदने के बाद पॉलिसी दस्तावेजों को देखना महत्वपूर्ण है।

Times Now Navbharat पर पढ़ें Business News in Hindi, साथ ही ब्रेकिंग न्यूज और लाइव न्यूज अपडेट के लिए हमें गूगल न्यूज़ पर फॉलो करें ।

Times Now Navbharat
Times now
zoom Live
ET Now
ET Now Swadesh
Live TV
अगली खबर