शराब पी तो स्टार्ट नहीं होगी गाड़ी, धनबाद के इंजीनियरों का कमाल, बनाई गजब डिवाइस

ऑटो
आईएएनएस
Updated Apr 28, 2022 | 20:47 IST

शराब पीकर ड्राइविंग करने की वजह से सड़क हादसे आम हैं। धनबाद के तीन इंजीनियरों ने इस समस्या का नायाब हल ढूंढा है। उन्होंने ऐसी तकनीक इजाद की है, जो शराबियों को गाड़ी ड्राइव करने से रोकेगी।

Photo For Representation
Photo Credit- UnSplash 

शराब पीकर ड्राइविंग करने की वजह से सड़क हादसे आम हैं। धनबाद के तीन इंजीनियरों ने इस समस्या का नायाब हल ढूंढा है। उन्होंने ऐसी तकनीक इजाद की है, जो शराबियों को गाड़ी ड्राइव करने से रोकेगी।

कोल इंडिया की अनुषंगी कंपनी बीसीसीएल (भारत कोकिंग कोल लिमिटेड) की वार्षिक सुरक्षा प्रदर्शनी में इस तकनीक का प्रदर्शन भी किया जा चुका है। तीन इंजीनियरों अजीत यादव, सिद्धार्थ सुमन औरमनीष बलमुचू ने इस तकनीक का नाम ह्यस्मार्ट सेफ्टी सिस्टम अगेंस्ट अल्कोहल इन व्हीकल(एसएसएसएएवी) दिया है। 

Kawasaki Ninja 300 का अपडेटेड वर्जन हुआ लॉन्च, जानें इस स्पोर्ट्स बाइक की कीमत

इसके तहत एक ऐसी डिवाइस डेवलप की गई है, जिसे ड्राइविंग सीट के सामने लगाया जाता है। यह डिवाइस ड्राइविंग सीट पर बैठने वाले शख्स की सांस को सेंसर के जरिए पकड़ लेती है। यदि व्यक्ति ने शराब पी रखी है तो डिवाइस गाड़ी को स्टार्ट ही नहीं होने देगी। यदि गाड़ी का इंजन पहले से स्टार्ट हो और इसके बाद ड्राइविंग सीट पर कोई व्यक्ति शराब पीकर बैठता है तो इंजन स्वत: बंद हो जाएगी।

Kawasaki Ninja 300 का अपडेटेड वर्जन हुआ लॉन्च, जानें इस स्पोर्ट्स बाइक की कीमत

इस डिवाइस को बनाने वाले तीनों इंजीनियर बीसीसीएल में काम करते हैं। उन्होंने पाया कि कोयला क्षेत्र में ट्रांसपोर्टिंग करने वाली गाड़ियों की दुर्घटनाओं में ज्यादातर मामलों में ड्राइवर के शराब के नशे में होने की बात सामने आती है। तभी उन्होंने तय किया कि कोई ऐसी तकनीक विकसित की जाये, जिससे ड्राइवर को शराब पीने से रोका जा सके। उन्होंने कंपनी को इस डिवाइस के उपयोग का सुझाव भी दिया है।

बीसीसीएल के पूर्वी क्षेत्र के जीएम एसएस दास ने कहा कि इस डिवाइस को आगे के परीक्षण के लिए डीजीएमएस (डायरेक्टर जेनरल माइंस सेफ्टी) के पास भेजा जायेगा। उनके अप्रूवल के बाद इसका इस्तेमाल करने की दिशा में कदम उठाया जा सकता है।

Times Now Navbharat
Times now
zoom Live
ET Now
ET Now Swadesh
Live TV
अगली खबर