नो पार्किंग में खड़ी गाड़ी के साथ लें सेल्फी और कमाएं 500 रुपये, आ रहा नया नियम

केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने एक नया नियम बनाने का प्लान तैयार किया है. इस नियम के अंतर्गत नो पार्किंग में खड़ी गाड़ी के साथ फोटो क्लिक करके भेजने पर आपको 500 रुपये मिल सकेंगे.

Nitin Gagkari On No Parking Vehicles
नितिन गडकरी ने एक ऐसा नियम बनाने की बात कही है जो आपकी जेब में भी 500 रुपये डाल सकता है 
मुख्य बातें
  • नो पार्किंग में खड़ गाड़ी आपको देगी 500 रुपये
  • नितिन गडकरी लाने वाले हैं एक अनोखा नियम
  • 1,000 रुपये का चालान हुआ तो 500 आपके

Nitin Gadkari To Bring New Law For No Parking: केंद्र सरकार के सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने एक ऐसा नियम बनाने की बात कही है जो आपकी जेब में भी 500 रुपये डाल सकता है. गडकरी चाहते हैं कि नया नियम बनाया जाए और उन लोगों को नकद इनाम देने की व्यवस्था की जाए जो देशभर में कहीं भी नो पार्किंग में खड़ी कार/बाइक या किसी भी अन्य वाहन के साथ सेल्फी भेजते हैं. दिल्ली में एक कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री ने कहा कि नो पार्किंग में खड़ी होने वाली गाड़ियों की संख्या में कमी करना इस कदम का लक्ष्य है.

शहरी इलाकों में अवैध पार्किंग एक बहुत बड़ी समस्या बनकर सामने आने लगी है और तंग सड़कों पर जाम लगने का सबसे बड़ा कारण भी यही होते हैं. इनसे ना सिर्फ साथ में चल रहे वाहन, बल्कि पैदल यात्री भी परेशान होते हैं. गडकरी ने खुद ये बात कही कि लोग पार्किंग की सही जगह छोड़कर सड़कों पर अपनी कार पार्क कर देते हैं. उन्होंने कहा, “मैं एक नया नियम लाने वाला हूं जिसमें गलत तरीके से पार्क हुए वाहन की फोटो भेजने पर उस इंसान को नकद इनाम दिया जाएगा. अगर चालान 1,000 रुपये का है तो फोटो भेजने वाले को 500 रुपये दिए जाएं. इससे पार्किंग की समस्या से काफी राहत मिलने वाली है.”

ये भी पढ़ें : लॉन्च से पहले ही 2022 Venue को मिली 15,000 बुकिंग, जानें अभी खरीदने पर कब मिलेगी

 भारत में भी अब अमेरिका जैसे हालात

गडकरी ने आगे कहा कि इस तरह का नियम गैर जिम्मेदार वाहन चालकों में बड़ा बदलाव लेकर आएगा. सड़क पर समझदारी के बारे में उन्होंने कहा, “पहले हम अमेरिका में कार से आने वाले कुक और मेड को देखकर चौंक जाते थे, लेकिन भारत में अब हालात वैसे ही हो चुके हैं.” बता दें कि नितिन गडकरी देशभर में अपने बेहतरीन काम और निर्णायक फैसलों के लिए लंबे समय से चर्चा में हैं और उनकी निगरानी में ही रोड ट्रांसपोर्ट और हाइवे मंत्रालय कई रिकॉर्ड्स बना चुका है. 

Times Now Navbharat
Times now
zoom Live
ET Now
ET Now Swadesh
Live TV
अगली खबर