US-Iran Conflict: अमेरिका और ईरान के बीच तनाव एक बार फिर खतरनाक मोड़ पर पहुंच गया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मंगलवार को दावा किया कि अमेरिकी सेना स्ट्रेट ऑफ होर्मुज के पास ईरानी ठिकानों पर बड़े और शक्तिशाली हमले कर रही है। ट्रंप ने कहा कि यह कार्रवाई ईरान की ओर से समुद्री मार्ग में समुद्री बारूदी सुरंगें बिछाने की कथित कोशिश और जॉर्डन में अमेरिकी सैन्य अड्डे की ओर दागी गई आठ मिसाइलों के जवाब में की गई है।
ट्रंप ने ईरान को दी बड़ी सैन्य कार्रवाई करने की धमकी। AI IMAGE
'ईरान ने जवाब दिया तो और भी बड़ा हमला होगा'
ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में ईरान को सीधे तौर पर चेतावनी दी कि अगर तेहरान ने अमेरिकी हमलों का जवाब दिया तो अमेरिका और ज्यादा कड़े स्तर पर हमला करेगा। उन्होंने कहा कि मौजूदा कार्रवाई से भी बड़ा हमला अभी आगे के लिए तैयार है। ट्रंप ने दावा किया कि ईरान की ओर से जॉर्डन स्थित अमेरिकी सैन्य अड्डे पर दागी गई आठों मिसाइलों को सफलतापूर्वक मार गिराया गया। जॉर्डन की ओर से भी आठ मिसाइलों के इंटरसेप्ट किए जाने और किसी के हताहत न होने की जानकारी दी गई थी।
ट्रंप ने ईरान को दी कार्रवाई की धमकी।
होर्मुज में बारूदी सुरंगें बिछाने की कोशिश का आरोप
अमेरिकी कार्रवाई की वजह बताते हुए ट्रंप ने ईरान पर स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में समुद्री बारूदी सुरंगें बिछाने की कोशिश का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि फिलहाल होर्मुज में कोई माइन नहीं है और उन्हें या तो हटा दिया गया है या फिर विस्फोट कर निष्क्रिय कर दिया गया है। स्ट्रेट ऑफ होर्मुज दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री ऊर्जा मार्गों में से एक है। यहां किसी भी तरह की सैन्य गतिविधि का असर अंतरराष्ट्रीय शिपिंग और तेल आपूर्ति पर पड़ सकता है।
आईआरजीसी के ठिकानों पर अमेरिकी हमले
अमेरिकी सेना ने ताजा कार्रवाई में ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) से जुड़े ठिकानों को निशाना बनाया है। अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार कार्रवाई का संबंध होर्मुज में वाणिज्यिक जहाजों के खिलाफ कथित गतिविधियों और क्षेत्र में मौजूद अमेरिकी सैन्यकर्मियों को निशाना बनाए जाने की कोशिशों से भी है। ईरान के कई इलाकों में धमाकों की खबरें भी सामने आई हैं। रिपोर्टों के मुताबिक, क़ेशम द्वीप, बंदर अब्बास, चाबहार और कोनारक जैसे इलाकों में विस्फोटों की सूचना मिली है।
