नेपाल में पिछले सप्ताह सरकार विरोधी हिंसक प्रदर्शनों के दौरान फैली अराजकता का फायदा उठाकर कई जेलों से हजारों कैदी फरार हो गए थे। पुलिस ने रविवार को जानकारी दी कि इन फरार कैदियों में से 3,723 को फिर से गिरफ्तार कर लिया गया है। नेपाल पुलिस के प्रवक्ता और उप महानिरीक्षक (डीआईजी) बिनोद घिमिरे के अनुसार, इन गिरफ्तारियों के बावजूद करीब 10,320 कैदी अब भी फरार हैं। उन्होंने आम नागरिकों से सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत सूचना देने की अपील की है।
नेपाल में हिंसा के बाद आर्मी संभाल रही है सुरक्षा की जिम्मेदारी (फोटो- AP)
ये भी पढ़ें- Nepal Election: नेपाल में संसद भंग करने के फैसले पर मचा सियासी तूफान, राजनीतिक दलों और वकीलों का राष्ट्रपति पर निशाना
गिरफ्तारी अभियान जारी
डीआईजी घिमिरे ने बताया कि फरार कैदियों को पकड़ने के लिए नेपाली सेना, नेपाल पुलिस, और सशस्त्र पुलिस बल संयुक्त रूप से अभियान चला रहे हैं। यह कार्रवाई देशभर में चल रही है और सीमावर्ती इलाकों में सुरक्षा व्यवस्था को भी कड़ा किया गया है। उन्होंने यह भी बताया कि कुछ कैदी स्वेच्छा से वापस लौट आए, जबकि कई अन्य को सीमा पार भारत में प्रवेश करने की कोशिश करते समय भारतीय पुलिस द्वारा गिरफ्तार किया गया। भारत-नेपाल सीमा पर सुरक्षा एजेंसियों के बीच सहयोग को मजबूत किया गया है ताकि फरार अपराधी किसी भी तरह से बच न सकें।
हुए थे हिंसक प्रदर्शन
गौरतलब है कि बीते सप्ताह नेपाल में सरकार विरोधी प्रदर्शन अचानक हिंसक हो उठे थे, जिसमें सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाया गया और जेलों पर हमले किए गए। इसी दौरान बड़ी संख्या में कैदी जेलों से भागने में सफल रहे।
