Nepal PM Balendra Shah Action: नेपाल ने नवनिर्वाचित प्रधानमंत्री बालेंद्र शाह (बालेन शाह) लगातर कड़े फैसले ले रहे हैं। इसी बीच उन्होंने श्रम, रोजगार और सामाजिक सुरक्षा मंत्री दीपक कुमार शाह (Deepak Kumar Sah) को पद से हटा दिया है। बता दें कि बालेन शाह ने 27 मार्च को प्रधानमंत्री पद की शपथ ली थी। महज पंद्रह के भीतर ही उन्होंने मंत्रिमंडल पर बड़ा फेरबदल किया है।
नेपाल के पीएम बालेन शाह ने श्रम मंत्री दीपक शाह को पद से हटाया।
यह कार्रवाई उनकी ही पार्टी राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी (Rastriya Swatantra Party) की सिफारिश पर की गई। पार्टी की अनुशासन समिति ने जांच में पाया कि मंत्री ने आचार संहिता का उल्लंघन किया था।
बालेन सरकार ने क्यों लिया ये फैसला?
रिपोर्ट के अनुसार, मंत्री दीपक कुमार साह पर अपने पद का दुरुपयोग करने का आरोप लगा था। बताया गया कि उन्होंने अपनी पत्नी को हेल्थ इंश्योरेंस बोर्ड में बनाए रखने के लिए प्रभाव का इस्तेमाल किया, जबकि वह पद लंबे समय से निष्क्रिय था।
पार्टी प्रमुख रवि लामिछाने (Rabi Lamichhane) ने इसे पार्टी की छवि और सिद्धांतों के खिलाफ बताया और तुरंत कार्रवाई की सिफारिश की। प्रधानमंत्री बालेन शाह ने पार्टी की सिफारिश मानते हुए तुरंत मंत्री को पद से हटा दिया। साथ ही, इस मामले को गंभीरता से न लेने पर स्वास्थ्य मंत्री को चेतावनी भी दी गई है।
17 देशों के राजदूतों की एक साथ की बैठक
बालेन शाह ने पीएम बनने बाद भारत, चीन, अमेरिका समेत 17 देशों के राजदूतों की बैठक बुलाई। नेपाल के इतिहास में ऐसा पहली बार हुआ जब सारे राजदूतों की एक साथ बैठक बुलाई गई। अब तक परंपरा थी कि नेपाली पीएम सारे राजदूतों से अलग-अलग मिलते थे। यही नहीं ठीक उसी दिन नेपाल के विदेश मंत्रालय ने सभी कैबिनेट मंत्रियों को साल 2011 से लागू नेपाल के राजनयिक कोड ऑफ कंडक्ट के बारे में भी बताया गया।
