Israel Hezbollah Conflict: इजरायल और लेबनान के बीच 10 दिनों के सीजफायर पर सहमति बन चुकी है। इसके बावजूद झड़पों की खबरें सामने आ रही हैं। इजरायल का कहना है कि दक्षिणी लेबनान में हिजबुल्लाह के आतंकी 'येलो लाइन' के पास आने की कोशिश कर रहे हैं जिसके बाद उन पर गोलीबारी की गई। इस बीच, इजरायली सेना ने बताया कि सीजफायर की घोषणा से पहले 24 घंटे में हिजबुल्लाह के 300 ठिकानों को निशाना बनाया गया।
इजरायल ने हिजबुल्लाह पर बरपाया कहर (फोटो साभार: AI)
इजरायली सेना के मुताबिक, सीजफायर समझौता लागू होने से पहले के 24 घंटों में हमने हिजबुल्लाह के 300 ठिकानों को निशाना बनाया। साथ ही 150 से ज्यादा हिजबुल्लाह आतंकी को मार गिराया। मारे गए आतंकियों में हिजबुल्लाह कमांडर अली रिदा अब्बास भी शामिल था।
कौन था कमांडर अब्बास?
हिजबुल्लाह कमांडर अली रिदा अब्बास इजरायली हमले में मारा गया। हिजबुल्लाह ने उसे बिंट जेबिल इलाके की जिम्मेदारी सौंपी थी और उसने इजरायल और आईडीएफ के खिलाफ कई हमलों को अंजाम दिया था।
इजरायली हमलों से भड़का हिजबुल्लाह
वहीं, सीजफायर समझौता लागू होने के बाद इजरायली कार्रवाई को लेकर हिजबुल्लाह भड़का हुआ है। बीते दिनों इजरायली सेना ने दावा किया था कि उसने दक्षिणी लेबनान में हवाई और जमीनी हमले किए हैं। बकौल इजरायली सेना, यह कार्रवाई तब की गई जब उसने ऐसे कई मामलों की पहचान की, जिनमें हिजबुल्लाह के आतंकी युद्धविराम समझौते का उल्लंघन करते हुए उन इलाकों के पास आने की कोशिश कर रहे थे, जहां इजरायली सैनिक तैनात हैं।
इजरायली सेना की कथित कार्रवाई को लेकर हिजबुल्लाह के वरिष्ठ अधिकारी महमूद कम्माती ने लेबनान के अल-जदीद टीवी से बातचीत में सख्त चेतावनी दी कि संगठन इजरायल की ऐसी किसी भी सैन्य कार्रवाई को बर्दाश्त नहीं करेगा। उन्होंने नवंबर 2024 के युद्धविराम के बाद की स्थिति का जिक्र करते हुए कहा कि उस समय इजरायल ने लगभग रोजाना हवाई हमले जारी रखे थे। उन्होंने कहा कि इस बार हम रणनीतिक धैर्य की नीति नहीं अपनाएंगे।
