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भारत की प्रतिभा: कैसे एक बच्चे की तुलना रोनाल्डो से होने लगी, 8 की उम्र में कर दिए 289 गोल

फीफा विश्व कप 2026 कनाडा, मैक्सिको और अमेरिका की मेजबानी में खेला जा रहा है। टूर्नामेंट में 48 देशों ने हिस्सा लिया है। टूर्नामेंट में अब तक रोमांचक मुकाबले देखने को मिल चुके हैं। स्टार खिलाड़ियों पर फैंस की नजरें है। इसी बीच भारत का एक 8 साल का बच्चा चर्चा का विषय बन गया है। इस बच्चे को यंग रोनाल्डो के नाम से जाना जा रहा है।

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आरोन राफेल ने मचाई सनसनी। फोटो- AI
Authored by: Umesh Kumar
Updated Jun 23, 2026, 11:50 IST
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फीफा विश्व कप 2026 कनाडा, मैक्सिको और अमेरिका की मेजबानी में खेला जा रहा है। टूर्नामेंट में 48 देशों ने हिस्सा लिया है। टूर्नामेंट में अब तक रोमांचक मुकाबले देखने को मिल चुके हैं। स्टार खिलाड़ियों में क्रिस्टियानो रोनाल्डो, किलियन एम्बाप्पे, लियोनेल मेसी, हालैंड जैसे दिग्गज खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन कर अपने नाम कई रिकॉर्ड दर्ज करा लिए हैं। दुनिया भर के फुटबॉल फैंस बारीकी से मैचों पर नजर रख रहे हैं। इसी बीच भारत के बेंगलुरु शहर से एक छोटा तूफान फुटबॉल जगत में उठने का शोर मच गया है।

महज 8 साल की उम्र में बेंगलुरु के आरोन राफेल ने दुनिया भर के फुटबॉल फैंस को अपने प्रदर्शन से हैरान कर दिया है। इतना ही नहीं जब वह चार साल थे, तब आरोन राफेल ने अपने कौशल से ब्राजील के जादूगर नेमार और विश्व कप विजेता जर्मन मिडफील्डर टोनी क्रूस को अपना दीवाना बना दिया।

नेमार और टोनी क्रूस बने फैन

फिर क्या था। टोनी क्रूस ने आरोन से मिलने की इच्छा जाहिर कर दी। यही नहीं दुनिया के बेहतरीन फॉरवर्ड में से एक नेमार जूनियर ने भी वीडियो पोस्ट कर आरोन की तारीफ की। टोनी क्रूस ने मुलाकात के दौरान आरोन को ट्रेनिग भी दी। आरोन की इस कहानी की शुरुआत जन्म के 10 महीने बाद से ही शुरू हो गई थी।

फोटो साभार- इंस्टाग्राम

फोटो साभार- इंस्टाग्राम

आरोन का परिवार केरल के त्रिशूर में रहता है। आरोन के पिता राफेल थॉमस के अनुसार, वह बड़ौदा में जिला स्तर पर फुटबॉल खेलते थे। उनके पिता भी फुटबॉल खेलते थे। थॉमस के अनुसार, फुटबॉल का शौक हमेशा से आरोन के खून में रहा है। आरोने जैसे ही चलना सीखा, वह फुटबॉल खेलने लगा।

चलना सीखने की उम्र में फुटबॉल को मारी किक

आरोन के पिता राफेल थॉमस के अनुसार, उनके बेटे को फुटबॉल खेलना शुरू करने में सिर्फ 10 महीने से थोड़ा अधिक समय लगा। जिस उम्र में ज्यादातर बच्चे मुश्किल से चलना सीख पाते हैं, उस उम्र में आरोन ने फुटबॉल के प्रति एक अनूठा जुनून दिखाया। अपने बेटे के फुटबॉल किट को रिकॉर्ड करने की चाह में राफेल थॉमस ने वीडियो बनाना शुरू किया और उन्हें इंस्टाग्राम पर अपलोड किया। जल्द ही ये वीडियो क्लिप, स्पोर्फ, बीआरएफूटबॉल और इंडियन सुपर लीग जैसे अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर भी वायरल होने लगे।

फोटो- साभार इंस्टाग्राम

फोटो- साभार इंस्टाग्राम

चार साल की उम्र में ज्वाइन किया फुटबॉल स्कूल

चार साल की उम्र में आरोन ने बीएफसी सॉकर स्कूल ज्वाइन किया। जिस उम्र में बच्चे ढंग से बोलना, लिखना पढ़ना और कॉपी पर कलर भरते हैं, उस उम्र में आरोन फुटबॉल का मैदान चुन लिया और गोल करने लगे। महज पांच साल की उम्र में बेंगलुरु एफसी की यंग ब्लूज़ अकादमी में शामिल हुए। जहां बाकी बच्चे खेल के बारे में सीख रहे थे, वहीं आरोन मैच जीतना सीख रहे थे और बने डीपीडीएल इनोवेटिव प्लेयर ऑफ द ईयर।

पांच साल की उम्र में जीता दिग्गजों का दिल

2022-23 में आरोन ने किकइनटू22 चैलेंज जीता। तब दुनिया ने पहली बार आरोन का नाम सुना। टोनी क्रूस की फुटबॉल अकादमी द्वारा शुरू किए गए किकइनटू22 चैलेंज में आरोन ने हिस्सा लिया। आरोन ने एक ट्रिक शॉट का वीडियो बनाया और किकइनटू22 चैलेंज को टैग करते हुए शेयर कर दिया। वीडियो अपलोड होने के बाद आरोन राफेल सोशल मीडिया पर रातोंरात मशहूर हो गए। अपने वीडियो में, युवा आरोन को लुढ़कते हुए टायर के बीच से कुशलतापूर्वक फुटबॉल को किक मारते देख गया। टोनी क्रूस ने इस युवा भारतीय के प्रयास को ना सिर्फ सराहा बल्कि विजेता भी चुना।

जीता है एथलीट ऑफ द ईयर का खिताब

इसके बाद आरोन ने परिवार सहित मैड्रिड में टोनी क्रूस से मुलाकात की। बर्नबू फुटबॉल ग्राउंड पर पहली बार कदम रखा। ये वो मैदान हैं, जहां सपने नहीं लीजेंड्स बनते हैं। आरोन ने मैदान पर अपने कदम रख यह ऐलान कर दिया कि वह आने वाले भविष्य में भारत के लीजेंड फुटबॉलर बनेंगे। इसके बाद फिनलैंड के एचजेके हेलसिंकी फुटबॉल क्लब में ट्रेनिंग ली।

फोटो- साभार इंस्टाग्राम

फोटो- साभार इंस्टाग्राम

अब तक कर चुके हैं 289 गोल

यहां हर सीजन एक नया रिकॉर्ड बनाते रहे। साल 2025 में एथलीट ऑफ द ईयर का खिताब जीता। अब आरोन के टैलेंट के साथ नंबर भी उनके नाम का डंका बजाने लगे। आरोन ने 141 मैच में कुल 289 गोल और 91 असिस्ट कर चुके हैं। सिर्फ 8 साल की उम्र में आरोन ने एप्पल के 2026 होपफुल कैंपन के पोस्टर अपनी जगह बनाई। अब पूरी दुनिया की नजरें आरोन राफेल पर हैं। अभी उन्हें यंग रोनाल्डो के नाम से जाना जा रहा है, लेकिन जल्दी ही दुनिया आरोन को उनके नाम से जानेगी। आरोन, इंडियन सुपर लीग टीम बेंगलुरु एफसी के फुटबॉल स्कूल कार्यक्रम का भी हिस्सा हैं।

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