Pathum Nissanka creates history: पथुम निसंका ने सोमवार, 9 सितंबर को लंदन के ओवल में श्रीलंका और इंग्लैंड के बीच टेस्ट मैच की चौथी पारी में मैच जिताऊ शतक जड़कर दिखाया कि क्यों उनके साथी उन्हें उच्च दर्जा देते हैं। 26 वर्षीय निसंका, 2011 में तिलकरत्ने दिलशान के बाद इंग्लैंड में शतक लगाने वाले पहले श्रीलंकाई सलामी बल्लेबाज बन गए। वे दूसरी पारी में इंग्लैंड में जीत में सेंचुरी जड़ने वाले श्रीलंकाई बन गए हैं।निसंका की वीरता ने इंग्लैंड को इंग्लैंड में टेस्ट जीत के लिए 10 साल के इंतजार को खत्म करने में मदद की।
निसंका इंग्लैंड में टेस्ट जीत की चौथी पारी में शतक बनाकर डॉन ब्रैडमैन, गॉर्डन ग्रीनिज और ग्रीम स्मिथ सहित मेहमान बल्लेबाजों की सूची में शामिल हो गए। आक्रामक शतक ने श्रीलंका को इंग्लैंड में टेस्ट में सबसे बड़े सफल पीछा का नया एशियाई रिकॉर्ड बनाने में भी मदद की।
ऐसी रही निसांका की शानदार पारी
निसांका की पारी नियंत्रण और दृढ़ संकल्प की एक मास्टरक्लास थी। उन्होंने चौथे दिन श्रीलंका के 94-1 पर खेल फिर से शुरू किया और अपने शानदार हाथ से टीम को 219 रनों के लक्ष्य तक पहुंचाया। सिर्फ़ 107 गेंदों में बनाए गए उनके दूसरे टेस्ट शतक ने आलोचकों को गलत साबित कर दिया। इस पारी को हमेशा याद रखा जाएगा।
मैंने इस पारी का लुफ्त उठाया- निसांका
ओवल में प्लेयर ऑफ द मैच का पुरस्कार जीतने वाले निस्सांका ने कहा कि "इंग्लैंड में खेलना एक शानदार अवसर था और मैंने उस पारी का लुत्फ़ उठाया। सुबह थोड़ी मुश्किल थी, लेकिन कल (रविवार) मेरी मानसिकता सकारात्मक थी और मैंने उसी के साथ खेला। मैं बस अपना सामान्य खेल खेलना चाहता था और मैंने वैसा ही किया।"
