कोलंबो: एकदिवसीय श्रृंखला के लिए पाकिस्तान दौरे पर गए श्रीलंका के आठ क्रिकेटरों ने इस्लामाबाद में हुए एक घातक बम विस्फोट में 12 लोगों के मारे जाने और कई लोगों घायल होने के बाद सुरक्षा संबंधी चिंताएं व्यक्त करते हुए गुरुवार को स्वदेश लौटने की तैयारी कर ली है। सूत्रों ने यह जानकारी दी। इसका मतलब होगा कि गुरुवार को दोनों टीमों के बीच रावलपिंडी में खेला जाने वाला दूसरा एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैच नहीं हो पाएगा। पाकिस्तान ने मंगलवार को रावलपिंडी में पहला एकदिवसीय मैच छह रन से जीत लिया था।
श्रीलंका क्रिकेट टीम
8 खिलाड़ियों ने घर लौटने की जताई इच्छा
एकदिवसीय श्रृंखला के बाद एक त्रिकोणीय श्रृंखला भी होनी है जिसमें जिम्बाब्वे भी शामिल होगा। श्रीलंका क्रिकेट (एसएलसी) के सूत्रों ने कहा कि स्वदेश लौटने वाले खिलाड़ियों की जगह वैकल्पिक खिलाड़ी भेजे जाएंगे। सूत्रों ने कहा कि तीन एकदिवसीय मुकाबलों की मेजबानी कर रहे रावलपिंडी के इस्लामाबाद के समीप होने के कारण खिलाड़ियों ने स्वदेश लौटने की इच्छा जताई।
2009 में श्रीलंकाई टीम की बस पर हुआ था हमला
श्रीलंकाई क्रिकेट टीम की बस पर 2009 में आतंकियों ने हमला किया था जब टीम दूसरे टेस्ट मैच के लिए लाहौर के गद्दाफी स्टेडियम जा रही थी। इस हमले में अजंता मेंडिस, चमिंडा वास और कप्तान महेला जयवर्धने सहित श्रीलंकाई टीम के कई सदस्य घायल हो गए थे जबकि कई पाकिस्तानी सुरक्षाकर्मी मारे गए थे।
एक दशक तक विदेशी टीमों ने नहीं किया पाकिस्तान दौरा
इस घातक हमले के बाद सभी विदेशी टीमों ने एक दशक से भी अधिक समय तक पाकिस्तान का दौरा करने से परहेज किया और देश को अपने घरेलू मुकाबलों की मेजबानी के लिए पश्चिम एशिया के विदेशी स्थलों का उपयोग करने के लिए मजबूर होना पड़ा। दिसंबर 2019 में श्रीलंका के पाकिस्तान दौरे के साथ ही देश में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट की वापसी हुई।
(भाषा)
