Sunset Today Timing 24 April 2026 (सूर्यास्त और चंद्रोदय का समय आज का): दिन ढलते ही माहौल थोड़ा शांत और सुकून भरा हो जाता है। यही समय होता है जब लोग अपने काम से थोड़ा हटकर भगवान का ध्यान करते हैं। आज 24 अप्रैल 2026 को भी कई लोग जानना चाहते हैं कि सूर्यास्त कब होगा, मां बगलामुखी की पूजा किस समय करना सही रहेगा और चांद कब दिखाई देगा। अगर आप भी आज शाम पूजा का प्लान बना रहे हैं, तो यहां आसान और साफ जानकारी दी जा रही है।
सूर्यास्त और चंद्रोदय का समय आज का 24 April 2026
आज 24 अप्रैल सूर्यास्त कब होगा
आज दिल्ली-एनसीआर और आसपास के इलाकों में सूर्यास्त करीब शाम 6:52 बजे के आसपास होगा। मौसम और लोकेशन के हिसाब से इसमें 1-2 मिनट का फर्क हो सकता है, लेकिन मोटे तौर पर इसी समय सूरज ढल जाएगा। संध्या का यही समय पूजा और ध्यान के लिए सबसे अच्छा माना जाता है।
मां बगलामुखी की पूजा आज कब करें
मां बगलामुखी की पूजा के लिए संध्या काल बहुत शुभ माना जाता है। ऐसे में आज शाम 6:55 बजे से 7:30 बजे के बीच पूजा करना अच्छा रहेगा। आप इस समय घर के मंदिर में दीपक जलाकर, पीले फूल और हल्दी के साथ मां का ध्यान कर सकते हैं। मान्यता है कि इस समय की गई पूजा से नकारात्मकता कम होती है और मन में स्थिरता आती है।
आज 24 अप्रैल चांद कब निकलेगा
आज चंद्रमा रात में दिखाई देगा। दिल्ली-एनसीआर में चंद्रोदय करीब रात 8:55 बजे के आसपास हो सकता है। कई लोग चंद्र दर्शन को भी शुभ मानते हैं और रात में चांद देखकर प्रार्थना करते हैं। इससे मन को ठंडक और शांति महसूस होती है।
देश के प्रमुख शहरों में सूर्यास्त और चंद्रोदय का समय
| शहर | सूर्यास्त का समय (Sunset Today Timing) | चंद्रोदय का समय (Moonrise Today Timing) |
| दिल्ली (NCR) | शाम 6:52 PM | रात 8:55 PM |
| मुंबई | शाम 6:59 PM | रात 9:05 PM |
| कोलकाता | शाम 5:59 PM | रात 8:20 PM |
| चेन्नई | शाम 6:21 PM | रात 8:45 PM |
| बेंगलुरु | शाम 6:29 PM | रात 8:55 PM |
| हैदराबाद | शाम 6:38 PM | रात 8:55 PM |
| अहमदाबाद | शाम 7:01 PM | रात 9:10 PM |
| जयपुर | शाम 6:55 PM | रात 9:00 PM |
| लखनऊ | शाम 6:40 PM | रात 8:40 PM |
| पटना | शाम 6:20 PM | रात 8:25 PM |
| भोपाल | शाम 6:46 PM | रात 8:55 PM |
| चंडीगढ़ | शाम 6:53 PM | रात 8:58 PM |
| पुणे | शाम 6:57 PM | रात 9:05 PM |
| सूरत | शाम 7:00 PM | रात 9:08 PM |
| वाराणसी | शाम 6:32 | रात 8:35 PM |
सूर्यास्त और चंद्र दर्शन का महत्व
संध्या का समय दिन और रात के बीच का एक खास पल होता है। इस समय कुछ मिनट शांति से बैठना, दीपक जलाना या भगवान का नाम लेना मन को हल्का कर देता है। वहीं चंद्रमा को ठंडक और शांति का प्रतीक माना जाता है, इसलिए चांद देखने से भी एक अलग सुकून मिलता है।
अगर आप रोज नहीं भी कर पाते, तो आज ही कुछ मिनट निकालकर संध्या के समय मां बगलामुखी का ध्यान करें—यकीन मानिए, दिनभर की थकान काफी हद तक कम महसूस होगी।
