Lal Kitab Upay: ज्योतिष शास्त्र में लाल किताब को विशेष महत्व दिया गया है। इस किताब में जीवन की कई समस्याओं को हल करने के बहुत ही आसान उपाय बताए गए हैं। इसके प्रयोग से व्यक्ति कुंडली में मौजूद ग्रह दोषों को दूर कर शिक्षा, करियर, कार्यक्षेत्र और धन आदि से जुड़े कार्यों में सफलता हासिल कर सकता है। लाल किताब के अनुसार, अगर व्यक्ति कड़ी मेहनत करने और पैसे लगाने के बाद भी सफल नहीं हो पा रहा है तो वह लाल किताब में बताए गए उपायों की मदद से सफलता के रास्ते में आने वाली बाधाओं को दूर कर सकता है। माना जाता है कि लाल किताब में दिए गए उपायों से हर समस्या का निदान हो जाता है। अगर आपको भी अपने व्यापार और करियर में तरक्की चाहिए तो इन आसान उपायों को अपना कर अपनी किस्मत चमका सकते हैं।
लाल किताब के ये उपाय चमका देते हैं किस्मत, हर कार्य में मिलती है सफलता
कार्य में तरक्की के लिए
कारोबार अथवा नौकरी में सफलता पाने के लिए अपने कार्य क्षेत्र की जगह पर सुनहरे रंग की मछलियों को पालना शुभ माना जाता है। इन मछलियों की संख्या 8 हो तो और भी ज्यादा बेहतर है। इससे काम में तरक्की मिलने की संभावना बढ़ जाती है।
धन लाभ के लिए
अगर आप आर्थिक तंगी से गुजर रहे हैं और इससे छुटकारा पाकर धन लाभ अर्जित करना चाहते हैं तो लाल किताब के अनुसार 21 शुक्रवार तक 9 साल की तक की उम्र वाली 5 कन्याओं को खीर और मिश्री खिलाना चाहिए। इससे धन-धान्य में वृद्धि होती है।
काम की बाधाएं दूर करने के लिए
अगर आपके कारोबार और जॉब में बार-बार बाधा आ रही है और कार्य लंबे समय से अटका पड़ा है तो लाल किताब के अनुसार रोजाना कुत्ते को रोटी खिलाना शुभ परिणाम दे सकता है। इससे रास्ते की बाधाएं दूर होती हैं।
शीघ्र विवाह के लिए
यदि किसी लड़के या लड़की की शादी में अड़चनें पैदा हो रही हैं, तो हर सोमवार को शिवलिंग के सामने बैठकर 'ॐ सोमेश्वराय नमः' मंत्र का जाप करते हुए दूध, जल और बेलपत्र अर्पित करना चाहिए। भगवान शिव के सामने बैठकर इस मंत्र का जाप रुद्राक्ष की माला के साथ करने से विवाह में आने वाली समस्याएं कम होती हैं।
विवादों को सुलझाने के लिए
अगर आप विवादों में उलझे हुए हैं और उसे सुलझान चाहते हैं तो अपने वजन के बराबर कोयला तोलकर उसे बहते हुए जल में प्रवाहित कर दें। लाल किताब के अनुसार यह उपाय अच्छे परिणाम दिलाने में मदद करता है।
(डिस्क्लेमर : यह पाठ्य सामग्री आम धारणाओं और इंटरनेट पर मौजूद सामग्री के आधार पर लिखी गई है। टाइम्स नाउ नवभारत इसकी पुष्टि नहीं करता है।)
