Bhaye Pragat Kripala Lyrics: भए प्रगट कृपाला भगवान राम जी के जन्म की स्तुति है। इसमें भगवान राम जी के बालरूप का अद्भुत वर्णन किया गया है। राम जन्म स्तुति का पाठ हर रोज करने से साधक को शुभ फल की प्राप्ति होती है। इसके साथ नवजात बालक के जन्म पर भी ये स्तुति गाई जाती है। आज यानि 11 जनवरी 2025 को रमलला मंदिर की पहली वर्षगांठ मनाई जा रही है। इस अवसर पर अलग-अलग कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। प्राण प्रतिष्ठा द्वादशी के शुभ मौके पर राम जी के जन्म स्तुति का पाठ करना अत्यंत लाभदायक होगा। आइए यहां पढ़ते हैं राम जन्म स्तुति की पूरी लिरिक्स हिंदी में।
Bhaye Pragat Kripala Lyrics (भए प्रगट कृपाला दीन दयाला लिरिक्स)
छंद
भए प्रगट कृपाला दीनदयाला,
कौसल्या हितकारी ।
हरषित महतारी, मुनि मन हारी,
अद्भुत रूप बिचारी ॥
लोचन अभिरामा, तनु घनस्यामा,
निज आयुध भुजचारी ।
भूषन बनमाला, नयन बिसाला,
सोभासिंधु खरारी ॥
कह दुइ कर जोरी, अस्तुति तोरी,
केहि बिधि करूं अनंता ।
माया गुन ग्यानातीत अमाना,
वेद पुरान भनंता ॥
करुना सुख सागर, सब गुन आगर,
जेहि गावहिं श्रुति संता ।
सो मम हित लागी, जन अनुरागी,
भयउ प्रगट श्रीकंता ॥
ब्रह्मांड निकाया, निर्मित माया,
रोम रोम प्रति बेद कहै ।
मम उर सो बासी, यह उपहासी,
सुनत धीर मति थिर न रहै ॥
उपजा जब ग्याना, प्रभु मुसुकाना,
चरित बहुत बिधि कीन्ह चहै ।
कहि कथा सुहाई, मातु बुझाई,
जेहि प्रकार सुत प्रेम लहै ॥
माता पुनि बोली, सो मति डोली,
तजहु तात यह रूपा ।
कीजै सिसुलीला, अति प्रियसीला,
यह सुख परम अनूपा ॥
सुनि बचन सुजाना, रोदन ठाना,
होइ बालक सुरभूपा ।
यह चरित जे गावहिं, हरिपद पावहिं,
ते न परहिं भवकूपा ॥
दोहा
बिप्र धेनु सुर संत हित,
लीन्ह मनुज अवतार ।
निज इच्छा निर्मित तनु,
माया गुन गो पार ॥
Ram Janam Stuti Path Benefit (राम जन्म स्तुति पाठ के फायदे)
राम जन्म स्तुति का पाठ हर रोज करने से साधक को संतान सुख की प्राप्ति होती है। इसके साथ ही जो महिलाएं गर्भवती होती हैं। उनको इस स्तुति का पाठ रोज करना चाहिए। ऐसा करने से अच्छे संतान की प्राप्ति होती है। इसके साथ ही राम जी की कृपा सदा उनपर बनी रहती है। इसके पाठ से सुख, समृद्धि की प्राप्ति होती है।
