Yome Ashura Ki Dua In Hindi (आशूरा की दुआ): मुस्लिम लोगों के लिए यूमे आशूरा या 10 मुहर्रम एक बेहद खास दिन होता है। इस्लामिक धार्मिक मान्यताओं अनुसार यौमे अशुरा के दिन की गई सभी दुआएं अल्लाह के यहां कबूल हो जाती हैं। आशूरा का दिन पैगंबर मोहम्मद के नवासे इमाम हुसैन की शहादत की याद में मनाया जाता है। जो 680 ई. में कर्बला की लड़ाई में अपने साथियों के साथ शहीद हो गए थे। इसलिए इस दिन मुस्लिम लोग खुशी नहीं मातम मनाते हैं। यहां हम आपको बताएंगे आशूरा पर कौन सी दुआ पढ़नी चाहिए।
10 Muharram Ki Dua, Namaz E Ashura Ka Tarika In Hindi
Ashura Ki Namaz Ka Tarika In Hindi (आशूरा की नमाज का तरीका)
नियत की मैंने दो रकात नफ्ल नमाज़, वास्ते अल्लाह तआला के, मुह मेरा काबा शरीफ की तरफ और अल्लाहु अकबर कहकर हाथ बांध लें। दोनों रकअत में सूरह फातिहा के बाद दस बार सूरह इखलास पढ़ना है और फिर नमाज खत्म करने के बाद आपको एक बार अयातुल कुरसी, नौ बार दुरूद इब्राहिम पढ़ कर उसके बाद अशूरा की दुआ पढ़नी है जो आगे दी गई है।
Ashura Ki Dua In Hindi (दुआ ए आशूरा इन हिंदी)
- बिस्मिल्लाहिर्रहमानिर्रहीम
- या क़ाबि ल तौबति आदम यौम आशूराअ
- या फारिजा करबी जिन्नूनी यौम आशूराअ
- या जामी अ शमली याक़ूब यौम आशूराअ
- या सामी अ दाअवती मूसा व् हारून यौम आशूराअ
- या मुगि स इब्राहिम मिनन्नारी यौम आशूराअ
- या राफ़ीअ इदरीस इलस्समाई यौम आशूराअ
- या मुजी ब दावती सालिहिन फिन्नाकती यौम आशूराअ
- या नासि र सय्येदेना मुहम्मदिन सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम यौम आशूराअ
- या रहमान नददुनिया वल आखिरती व् रहिमहुमा सल्ली अला सय्येदेना मुहम्मदिंव व् अला आली सय्येदेना मुहम्मदिंव व सल्ली अला जमीईल अम्बियाई वल मुरसलीन वक़ज़ी हाजातीना फिददुनिया वल आखिरती व अतिल उम रना फी ताअतीक व मुहब्बतिक व रेदाक व अहयेना हयातन तैय्यबतओं वतवफ़्फ़ना अललईमानी वल इस्लामी बिरहमतिक या अरहमर्राहिमीन ।
- अल्लाहुम्मा बीइज़्ज़िल हसनी व् अखीही व उम्मीही व् अबिहि व जद्दीही व् बनिहि फर्रीज अन्ना मानहनू फ़ीहि ।
(इसके बाद नीचे दी गई ये दुआ 7 बार पढ़े)
10 Muharram Dua In Hindi
सुब्हानल्लाही मिलअलमिज़ानी व् मुन्तहलइल्मी व् मबलग़ र्रेरदा व ज़िन तल अर्शी लामल जाअ वला मन जाअ मिनल्लाही इल्ला इलैहि । सुब्हानल्लाही अददश शफई वल वितरि व अदद कलीमातिल्लाहित्तामती कुल्लीहा नसअलुकस्सलामत बिरहमतिक या अरहमर्राहिमीन । व हुव हसबुना व नैमल वकील । नैमल मौला व नैमन्नसिर । वलाहौला वला कुव्वत इल्ला बिल्लाहिल अलियिल अज़ीम । व सल्लल्लाहु तआला अला सय्येदेना मुहम्मदिंव व्अला आलिहि वसहबिहि वअलल मुअमिनीना वल मुअमिनाती वल मुस्लिमीन वल मुस्लिमाति अदद ज़ररातील वुजुदी व् अदद मालुमातील्लाही वलहम्दुलिल्लाही रब्बिल आलमीन । आमीन । सुम्मा आमीन ।
(नोट: आशूरा की दुआ safarkidua.in से ली गई है)
मुस्लिम मान्यताओं अनुसार जो मुसलमान आशूरा के दिन सूरज निकलने से लेकर सूरज ढलने तक सच्चे मन से दुआ-ए-आशूरा पढ़ेगा। वह पूरे साल महफूज रहेगा।
