Gibbous Moon: हमारे सौरमंडल में यूं तो 293 ज्ञात चंद्रमा हैं, लेकिन पृथ्वी के पास एकमात्र चांद है। जिस पर विज्ञानियों की काफी ज्यादा रुचि रहती है और इसको लेकर लगातार अध्ययन चलते रहते हैं। आप लोगों ने स्ट्रॉबरी मून, हंटर मून, पिंक मून, सुपरमून इत्यादि के बारे में तो सुना ही होगा, लेकिन अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा (NASA) ने हाल ही में 'गिबस मून' की अनोखी तस्वीर साझा की है।
क्या है गिबस मून?
क्या है गिबस मून?
गिबस मून सुनकर आपके ज़हन में क्या आता है? दरअसल, चांद जब पूर्णिमा और अमावस्या के बीच में होता है तब यह नजारा दिखाई देता है। यह चंद्रमा के चरणों में से एक ही है। गिबस मून के दौरान आधे से ज्यादा चांद दिखाई देता है या यूं कहें कि आधे से ज्यादा चांद सूर्य के प्रकाश से प्रकाशित होता है और आकार में उत्तल गोले जैसे प्रतीत होता है।
गिबस मून को भी दो तरह से देखा जाता है। एक अमावस्या से पूर्णिमा की ओर बढ़ते हुए तो दूसरा पूर्णिमा से चांद जब अमावस्या की घटते क्रम में दिखाई देता है।
ISS से कैप्चर हुआ अद्भुत नजारा
बकौल नासा, स्विट्जरलैंड के स्विस आल्प्स से लगभग 420 किमी की ऊंचाई से अंतरराष्ट्रीय स्पेस स्टेशन (ISS) ने 'गिबस मून' का अद्भुत नजारा कैप्चर किया। आईएसएस के अंतरिक्ष यात्रियों ने 30 नवंबर, 2023 को घटते हुए चंद्रमा की तस्वीर कैप्चर की, जिसे नासा ने जारी किया है।
बकौल नासा, पूर्णिमा के बाद चंद्रमा घटते हुए चरण में प्रवेश करता है। जैसे ही चंद्रमा सूर्य की तरह वापस अपने सफर में निकलता है तो प्रकाशित हिस्सा सिकुड़ता हुआ प्रतीत होता है। नासा ने अंतरिक्ष यात्रियों की तरह की चंद्रमा की तस्वीर क्लिक करने के लिए अंतरिक्ष प्रेमियों को कुछ सुझाव दिए हैं।
- प्लानिंग करें।
- चंद्रमा को कब और कहां देखना है। इसके बारे में जानें।
- चंद्रमा पर ज्यादा से ज्यादा जूम करें।
