केरल विधानसभा चुनावों को लेकर कांग्रेस में अभी से ही खींचतान शुरू हो चुकी है। पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री मणिशंकर अय्यर पार्टी के रुख से काफी नाराज दिख रहे हैं। इस बीच उन्होंने मीडिया से बात करते हुए, एक अन्य वरिष्ठ कांग्रेस नेता केसी वेणुगोपाल को गुंडा (राउडी) करार दिया। उन्होंने कहा, 'आप सोच सकते हैं कि पार्टी की कैसी हालत हो गई है, केसी वेणुगोपाल जैसे राउडी की तुलना सरदार बल्लभ भाई पटेल और राहुल गांधी से हो रही है।'
मणिशंकर अय्यर ने कांग्रेस नेतृत्व के खिलाफ खोला मोर्चा
इसी दौरान उन्होंने न्यूज एजेंसी ANI से बात करते हुए कहा, 'मैं पवन खेड़ा को एक संदेश देना चाहता हूं। वह दिल्ली में एमए बेबी के साथ गलबहियां कर रही हैं और पिनारयी विजयन के साथ मेरे संबंधों से दुखी हैं। वह किस तरह के कांग्रेसी हैं?' मणिशंकर अय्यर यहीं नहीं रुके, उन्होंने कहा, पवन खेड़ा जैसे व्यक्ति को प्रवक्ता बनाने वाली पार्टी कितनी बेवकूफ हो सकती है।
मणिशंकर अय्यर ने कहा, कांग्रेस में लाखों लोग हैं, जो बेहतर प्रवक्ता हो सकते हैं। उन्होंने पवन खेड़ा को कठपुतली यानी पपेट बताते हुए कहा कि वे वही कहते हैं, जो जयराम रमेश उन्हें कहते हैं। वह उसी बात को दोहराते हैं। वह प्रवक्ता नहीं हैं, तोता हैं।
मणिशंकर अय्यर ने कांग्रेस पर हमला बोलते हुए कहा कि ऐसी पार्टी को कौन वोट करेगा, जिसके नेता एक-दूसरे की गर्दन उड़ाने में लगे हों। उन्होंने कहा, क्या आपको लगता है कि केरल के लोगों को नहीं पता कि पार्टी नेतृत्व में क्या कुछ चल रहा है? कम से कम पिनारायी की सरकार में अनुशासन तो है। उनके पास मणिशंकर अय्यर नहीं है। मैं मणिशंकर अय्यर इसलिए हूं, क्योंकि नेहरू, गांधी के खिलाफ बागी थे। सुभाष चंद्र बोस, गांधी के खिलाफ बागी थे। इसके बावजूद गांधी ने जवाहर लाल नेहरू को देश का प्रधानमंत्री बनाया। अगर सुभाष चंद्र बोस 17 अगस्त 1945 के एयरक्रैश में जिंदा बच जाते तो मुझे यकीन है कि वह देश के राष्ट्रपति बनते।
मणिशंकर अय्यर ने कहा, वह नाराजगी से इस तरह से निपटते थे। आज की कांग्रेस नाराजगी से कैसे निपटती है? वह पवन खेड़ा जैसे किसी व्यक्ति को आधिकारिक प्रवक्ता बना देते हैं। मेरे मन में पवन खेड़ा के लिए बिल्कुल भी इज्जत नहीं है और मैं पूरी तरह से उनके खिलाफ हूं।
