Delhi AI Summit Protest: देश की राजधानी दिल्ली में आयोजित एआई समिट के विरोध प्रदर्शन के दौरान गिरफ्तार 10 यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ताओं से आज कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने मुलाकात की है। उन्होंने अपने आधिकारिक एक्स अकाउंट पर इस मुलाकात की तस्वीरें भी साझा की। तस्वीरों के साथ अपनी पोस्ट में उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी पर भी निशाना साधा। राहुल ने लिखा कि शांतिपूर्ण विरोध तब और जरूरी हो जाता है जब देश का पीएम कंप्रोमाइज्ड हो।
राहुल गांधी ने की एआई समिट में प्रदर्शन करने वाले कांग्रेसियों से की मुलाकात
राहुल गांधी ने अपने पोस्ट में बताया कि आज युवा कांग्रेस के बब्बर शेर साथियों से मुलाकात की जो अपने शांतिपूर्ण प्रदर्शन के लिए गिरफ्तार कर लिए गए थे। शांतिपूर्ण विरोध हर नागरिक का संवैधानिक अधिकार है। और, खासकर तब और ज़रूरी हो जाता है-जब देश का PM compromised हो। मुझे और कांग्रेस पार्टी को अपने बब्बर शेरों के साहस और देशभक्ति पर गर्व है।गौरतलब है कि इस साल फरवरी में भारत मंडपम में आयोजित एआई इम्पैक्ट समिट के दौरान युवा कांग्रेस के लगभग 10 कार्यकर्ता भारत मंडपम के भीतर घुस गए थे। इन प्रदर्शनकारियों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प की तस्वीरों वाली सफेद टी-शर्ट पहन रखी थी, जिस पर 'इंडिया-यूएस ट्रेड डील' और 'पीएम इज कॉम्प्रोमाइज्ड' जैसे नारे लिखे थे। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने अचानक अपनी शर्ट उतार दी और प्रधानमंत्री के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी, जिससे वहां मौजूद अतिथियों और सुरक्षाकर्मियों के बीच अफरा-तफरी मच गई थी।
भारत मंडपम में हुई इस घटना के बाद युवा कांग्रेस के अध्यक्ष उदय भनु चिब और कई अन्य लोगों को गिरफ्तार किया गया था। बाद में इन लोगों को जमानत मिल गई थी। इस घटना के बाद भाजपा ने आरोप लगाया था कि इस पूरे हंगामे की साजिश राहुल गांधी के आवास पर रची गई थी ताकि अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत की छवि को धूमिल किया जा सके। भाजपा ने इसे देश के बढ़ते सम्मान पर चोट बताया था। वहीं, कांग्रेस ने तब कहा था कि वे AI समिट के खिलाफ नहीं हैं,बल्कि यह प्रदर्शन देश के उन करोड़ों बेरोजगार युवाओं की आवाज है जो सरकार की नीतियों से नाराज हैं।
