Rajiv Gandhi Assassination Case: पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी (Rajiv Gandhi) की हत्या के केस में रिहा दोषियों में से एक नलिनी श्रीहरन (Nalini Sriharan) ने बताया है कि गांधी की बेटी और कांग्रेस नेत्री प्रियंका गांधी वाड्रा (Priyanka Gandhi Vadra) ने उनसे अपने पिता राजीव की हत्या के बारे में पूछा था।
नलिनी को 12 नवंबर, 2022 को उच्चतम न्यायालय के आदेश के बाद रिहा कर दिया गया था। (IANS/ANI/BCCL)
रविवार (13 नवंबर, 2022) को तमिलनाडु के चेन्नई शहर में पत्रकारों के सवाल के जवाब के दौरान वह बोलीं कि प्रियंका गांधी जब एक दशक पहले (साल 2008 में) वेल्लोर सेंट्रल जेल में उनसे मिलीं तो वह भावुक हो गईं थी और रोने लगी थीं।
फिलहाल कांग्रेस पार्टी की नेता गांधी ने नलिनी से भेंट के दौरान अपने पिता की हत्या के बारे में जानना चाहा था। नलिनी के मुताबिक, वह जो कुछ भी जानती थी, उसके बारे में उन्हें बता दिया। वैसे, नलिनी ने कहा कि मुलाकात में हुई बाकी बातों का खुलासा नहीं किया जा सकता क्योंकि यह प्रियंका के निजी विचारों से जुड़ी हुई हैं। नलिनी को 12 नवंबर को सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद रिहा कर दिया गया था।
#WATCH | I will go wherever my husband goes. We were separated for 32 years. Our family kept waiting for us... I am… t.co/GynTFBKtki
— ANI (@ANI) Nov 12, 2022
शनिवार (12 नवंबर, 2022) को इससे पहले कांग्रेस ने आरोप मढ़ा था कि पूर्व पीएम गांधी के हत्यारों को समयपूर्व रिहा किए जाने के फैसले पर नरेंद्र मोदी सरकार की ‘निंदनीय चुप्पी’ आतंकवादी कृत्य के साथ समझौता करना है।
पार्टी के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल के ट्वीट के मुताबिक, ‘‘आतंकवादियों के साथ कोई सहानुभूति नहीं होनी चाहिए। राजीव गांधी के हत्यारों के दोषियों की रिहाई मोदी सरकार की निंदनीय चुप्पी आतंकी कृत्य के साथ समझौता करना है।’’
दरअसल, पूर्व पीएम राजीव गांधी की 21 मई 1991 को तमिलनाडु के श्रीपेरम्बुदूर में एक चुनाव रैली के दौरान हत्या कर दी गई थी। एक महिला आत्मघाती हमलावर (मानव बम) तब उनके पास गई थी, जिसके बाद वहां जोरदार धमाका हुआ था और कुछ बाद वहां अफरा-तफरी का माहौल पनप गया था। (पीटीआई इनपुट्स के साथ)
