Longest Serving Elected PM: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज अपने नाम एक नया रिकॉर्ड दर्ज किया है। 10 जून को वह भारत के इतिहास में सबसे लंबे समय तक लगातार निर्वाचित प्रधानमंत्री रहने वाले नेता बन गए। पीएम (PM Modi Record) ने सोशल मीडिया पर इसको लेकर एक पोस्ट भी किया है। जिसमें उन्होंने लिखा: "जनसेवा ही सुशासन की सबसे बड़ी कसौटी है। विनम्रता, समर्पण और कर्तव्यनिष्ठा के साथ निरंतर कार्य करने वाला व्यक्ति ही जनविश्वास अर्जित करता है।
संस्कृत श्लोक के जरिए जनता के प्रति समर्पण का दिया संदेश (फाइल फोटो)
सदानुरक्तप्रकृतिः प्रजापालनतत्परः।
विनीतात्मा हि नृपतिर्भूयसी श्रियमश्नुते॥"
इसका हिंदी में मतलब है: "जो शासक अपनी प्रजा से प्रेम करता है, उनके संरक्षण और कल्याण के लिए सदैव तत्पर रहता है तथा विनम्र स्वभाव का होता है, वही अधिक समृद्धि, सम्मान और सफलता प्राप्त करता है।" इसको अगर और आसान भाषा में समझें तो एक अच्छा नेता या शासक वही होता है जो जनता की सेवा को सबसे ऊपर रखे, लोगों की समस्याओं का ध्यान रखे और अहंकार के बजाय विनम्रता के साथ काम करे। ऐसा व्यक्ति जनता का विश्वास जीतता है और उसे सम्मान, यश तथा समृद्धि प्राप्त होती है।
चुनौतियों को हमेशा अवसरों में बदलने वाला प्रधानमंत्री-भाजपा
वहीं पर बीजेपी ने अपने एक्स पर लिखा: "जब लोकतंत्र पर आंच आई, तब जोखिम उठाया... अपने लिए नहीं, औरों के लिए। यह गाथा है उस व्यक्तित्व के अटूट संकल्प की, जिसने चुनौतियों को हमेशा अवसरों में बदला। चाहे कश्मीर के लाल चौक पर तिरंगा फहराकर आतंक को ललकारना हो, या 2001 के भूकंप के बाद कच्छ को पहले से भी अधिक समृद्ध और सुंदर बनाना।
आपदा चाहे भूकंप की रही हो या सूखे की, इजराइल की आधुनिक तकनीक से खेतों को महकाना हो या फिर वैश्विक मंचों पर भारत का गौरव बढ़ाना, उनका हर कदम देश के नाम रहा।
* निस्वार्थ सेवा: संविधान के प्रति अटूट निष्ठा और हर भारतीय में विश्वास।
* स्वदेशी और पर्यावरण: वृक्षारोपण की सीख और लोकल-फॉर-वोकल से आत्मनिर्भर भारत का निर्माण।
निस्वार्थ, कर्तव्यनिष्ठ और देश को सदैव सर्वोपरि मानने वाले, भारत के सबसे लंबे समय तक लगातार निर्वाचित प्रधानमंत्री-सेवाव्रती श्री नरेन्द्र मोदी।
NDA सरकार की बड़ी बैठक
NDA सरकार के 12 साल पूरे होने के मौके पर बुधवार को राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) की एक अहम बैठक आयोजित की जाएगी। इस बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, भाजपा के वरिष्ठ नेता और एनडीए के सभी सहयोगी दलों के प्रतिनिधि शामिल हो सकते हैं।
यह बैठक ऐसे समय में हो रही है जब केंद्र में एनडीए सरकार को 12 साल पूरे हो रहे हैं। इस उपलब्धि के साथ वह देश के पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ देंगे। इस खास अवसर पर एनडीए सरकार की उपलब्धियों और भविष्य की योजनाओं पर भी चर्चा होने की संभावना है।
