प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज यानी गुरुवार 5 फरवरी को राज्यसभा को संबोधित किया। विपक्ष के हंगामे के बीच पीएम मोदी का संबोधन शुरू हुआ, लेकिन कुछ देर बाद ही विपक्ष ने सदन से वॉक आउट कर लिया। इस बीच पीएम मोदी ने पूर्व की कांग्रेस सरकारों और प्रधानमंत्रियों पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस राज के प्रधानमंत्रियों के पास कोई विजन नहीं था।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का राज्यसभा में संबोधन
पीएम मोदी ने कहा, अगर मेरे शब्दों पर आपको भरोसा नहीं है तो, कुछ मत करिए। महज लाल किले से कांग्रेस के प्रधानमंत्रियों के भाषणों का विश्लेषण कर लीजिए। आप लोगों को साफ-साफ लगेगा कि न उनके पास कोई सोच, कोई विजन और न ही कोई इच्छा शक्ति थी। देश को तभी इतना भुगतना पड़ा।
पीएम मोदी ने कहा कि आज हमारी काफी शक्ति उनकी गलतियों को ठीक करने में जा रही है। दुनिया के मन में उनके समय की जो छवि है उसे धोने में मेरी शक्ति लगती है। ऐसा बर्बाद करके रखा था। पीएम मोदी ने कहा कि देश के लिए हमने फ्यूचर रेडी पॉलिसी पर बल दिया है... और देश पॉलिसी के आधार पर चल रहा है।
उन्होंने अपनी सरकार की नीतियों पर भी चर्चा की और कहा कि हमने भविष्य आधारित नीति पर बल दिया है। उन्होंने कहा, आज देश नीति के आधार पर चल रहा है। पीएम मोदी ने कहा कि उनकी सरकार ने रिफॉर्म, परफॉर्म, ट्रांसफर्म की नीति पर बल दिया। आज स्थिति ऐसी है कि देश रिफॉर्म एक्सप्रेस पर सवार हो चुका है।
इस बीच पीएम मोदी ने किसी का नाम लिए बिना कहा कि यहां एक सांसद को सुना, उन्हें अपने को राजा कहलाने में बड़ी खुशी मिलती है। राजा कहलाने में खुश होने वाले वह नेता आम लोगों और समाज के दबे-कुचले व पिछड़े लोगों के बारे में बात कर रहे थे।
अपने संबोधन के दौरान पीएम मोदी ने कहा कि आज भारत दुनिया के कई देशों के साथ फ्यूचर-रेडी ट्रेड डील कर रहा है। पिछले कुछ दिनों में हमने दुनिया के 9 बड़े और महत्वपूर्ण देशों के साथ ट्रेड डील की हैं। यूरोपीय यूनियन के 27 देशों के साथ मदर ऑफ ऑल डील भी उनमें से एक है।
अपने संबोधन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि आज बड़े देश भारत के साथ व्यापारिक संबंध बनाने को आतुर हैं। फिर चाहे वह यूरोपीय यूनियन हो या अमेरिका के साथ डील हो। आज पूरी दुनिया खुले दिल से हमारी ट्रेड डील की तारीफ कर रही है। जब हमने यूरोपीय यूनियन के साथ ट्रेड डील की तो दुनिया ग्लोबल स्टेबिलिटी को लेकर आश्वस्त हुई। अमेरिका के साथ डील के बाद दुनिया स्टेबिलिटी के साथ ही स्पीड के प्रति भी आश्वस्त हुई। यह दुनिया के लिए पॉजिटिव सिग्नल है।
