Cambodia-Thailand Conflict: विदेश मंत्रालय ने कंबोडिया और थाईलैंड के बीच जारी सीमा संघर्ष की वजह से हिंदू मंदिर और यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल प्रेह विहार को हुए नुकसान पर चिंता जाहिर की। साथ ही विदेश मंत्रालय ने दोनों देशों से संयम बरतने और संघर्ष रोकने की अपील की।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल (फाइल फोटो)
प्रेह विहार में संरक्षण सुविधाओं को हुए नुकसान से जुड़े सवालों के जवाब में विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा, ''हमने थाईलैंड-कंबोडिया सीमा पर चल रही झड़पों के दौरान प्रेह विहार में संरक्षण सुविधाओं को हुए नुकसान की रिपोर्ट देखी हैं। संरक्षण सुविधाओं को कोई भी नुकसान दुर्भाग्यपूर्ण है और चिंता का विषय है।"
MEA ने क्या कुछ कहा?
समाचार एजेंसी एएनआई की रिपोर्ट के मुताबिक, प्रेह विहार मंदिर , जो UNESCO विश्व धरोहर स्थल है, को मानवता की साझा सांस्कृतिक धरोहर बताते हुए विदेश मंत्रालय ने कहा कि भारत लंबे समय से इसके संरक्षण में शामिल रहा है और उम्मीद करता है कि मंदिर और इससे जुड़ी सभी संरक्षण सुविधाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए जरूरी कदम उठाए जाएंगे।
विदेश मंत्रालय का यह बयान थाईलैंड और कंबोडिया के बीच सीमा पर बढ़ते तनाव की रिपोर्टों के बीच आया, जो 10 दिसंबर को नागरिकों पर तोप और रॉकेट हमलों के साथ शुरू हुआ था। स्थानीय मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, दोनों पक्षों ने हमलों के लिए एक-दूसरे को दोषी ठहराया है।
MEA ने दोनों देशों से की खास अपील
रणधीर जायसवाल ने कहा, "हम एक बार फिर दोनों पक्षों से संयम बरतने और शत्रुता को समाप्त करने और आगे तनाव बढ़ने से रोकने के लिए उपाय करने की अपील करते हैं। हम उनसे बातचीत और शांति के रास्ते पर लौटने का आग्रह करते हैं।"
