हाल ही में कई भारतीय नागरिकों को फर्जी रोजगार अवसरों के नाम पर ईरान भेजे जाने के मामले सामने आए हैं। इन मामलों में एजेंटों ने पीड़ितों को यह विश्वास दिलाया कि उन्हें आगे तीसरे देशों में काम दिलाया जाएगा। लेकिन ऐसा हुआ नहीं, उनके साथ फर्जीवाड़ा हुआ, इसके साथ ही कई और आपराधिक घटनाएं सामने आईं हैं, जिसके बाद अब भारत सरकार के विदेश मंत्रालय ने एडवाइजरी जारी किया है।
ईरान जाने वाले यात्रियों के लिए विदेश मंत्रालय ने जारी किया परामर्श (प्रतीकात्मक फोटो- Canva)
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विदेश मंत्रालय की एडवाइजरी
विदेश मंत्रालय ने आगे कहा कि कोई भी एजेंट जो रोजगार या अन्य उद्देश्यों के लिए ईरान में वीजा-मुक्त प्रवेश का वादा करता है, वह आपराधिक गिरोहों के साथ मिलीभगत कर सकता है - इसलिए नागरिकों से आग्रह किया जाता है कि वे किसी भी प्रस्ताव का "शिकार" न बनें। विदेश मंत्रालय ने शुक्रवार को जारी अपने बयान में कहा कि ईरान पहुंचने पर भारतीय नागरिकों को "आपराधिक गिरोहों द्वारा अपहरण कर लिया गया और उनकी रिहाई के लिए उनके परिवारों से फिरौती की मांग की गई।"
क्या कहा विदेश मंत्रालय ने
विदेश मंत्रालय ने कहा, "यह ध्यान देने योग्य है कि ईरान सरकार भारतीयों को केवल पर्यटन उद्देश्यों के लिए वीज़ा-मुक्त प्रवेश की अनुमति देती है। रोजगार या अन्य उद्देश्यों के लिए ईरान में वीज़ा-मुक्त प्रवेश का वादा करने वाले किसी भी एजेंट की आपराधिक गिरोहों से मिलीभगत हो सकती है।"
