Debate On Operation Sindoor in Sansad : संसद के दोनों सदनों में ऑपरेशन सिंदूर और पहलगाम आतंकी हमले पर चर्चा हो रही है लोकसभा और राज्यसभा में पक्ष-विपक्ष के बीच वार-पलटवार हो रहे हैं, ऑपरेशन सिंदूर पर चर्चा के दौरान, राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस नेता मल्लिकार्जुन खरगे ने सरकार की नीयत पर सवाल उठाए।
मल्लिकार्जुन खरगे ने ऑपरेशन सिंदूर पर चर्चा के दौरान सवाल उठाए (फोटो: ANI Twitter)
मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा- 'मैं पहलगाम में हुए बर्बर आतंकवादी हमले में मारे गए लोगों को अपनी श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं। मैं उनके परिवारों के प्रति अपनी गहरी संवेदना भी व्यक्त करता हूं। मैं कहना चाहता हूं - मेहंदी वाले हाथों ने पति की लाश उठाई है, बेबस रोते बच्चों ने पापा की जान गंवाई है...'
खरगे ने कहा कि देश ने पहलगाम में अपनों को मरते देखा, इतना सब होने के बाद जो सम्बंधित नहीं हैं उन विषय को बोल कर लोगो को बहला रहे हैं लोग उसको सीरियस नहीं लेंगे।
'हम तो पाकिस्तान की निंदा पहले भी करते रहे हैं'
खरगे ने कहा कि हम तो पाकिस्तान की निंदा पहले भी करते रहे हैं, लेकिन आप बिना बुलाए वहां जाकर गले लगा लेते हैं, आप खुद ही ऐसी चीजें करते हो और दूसरों को पाठ पढ़ाते हो, आप अगर सीरियस हो तो दूसरों पर टीका करने की जरूरत नहीं है। इसके साथ ही खरगे ने पूछा कि जब गृह मंत्री ने कहा कि घाटी में जीरो टेरर पॉलिसी थी तो आतंकी पहलगाम में आए कहां से?
खरगे ने कहा कि हमारी पार्टी का लंबा इतिहास है ,देश के बनाने में योगदान दिया है, आपने तो झूठ के कारखाने बनाएं है, पब्लिक सेक्टर आपने नहीं बनाई बल्कि झूठ की कहानियां बनाई।
खरगे ने कहा, 'पूरे देश और इस सदन के साथ, मैं (पहलगाम में) बर्बर हमले और पाकिस्तान द्वारा आतंकवादियों को लगातार समर्थन की निंदा करता हूं। हमने पहले भी पाकिस्तान की निंदा की थी, हम आज भी उनकी निंदा करते हैं और अगर यह कल भी जारी रहा, तो हम उनकी निंदा करते रहेंगे।
मैं पूछना चाहता हूं कि इसके लिए कौन जिम्मेदार है?
मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि 2016 में उरी हमला हुआ, 2019 में पुलवामा हुआ और अब पहलगाम...इन सबसे जाहिर है कि देश की सुरक्षा में चूक हो रही है, मैं पूछना चाहता हूं कि इसके लिए कौन जिम्मेदार है? वही जिम्मेदार हैं? क्या पीएम की राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए यही गंभीरता है?
