Holi celebrated in Sambhal: होली के दिन पूरे देश की नजरें संभल पर थी जहां हालिया विवाद के कारण तनाव पसरा हुआ है। पिछले साल 24 नवंबर को शाही जामा मस्जिद के सर्वेक्षण के बाद भड़के दंगों के बाद से यहां पुलिस का बड़ा अमला तैनाता है। इस बीच होली के दिन रमजान का जुमा भी पड़ने से प्रशासन के सामने चुनौती आ गई थी। तमाम तरह की आशंकाएं जताई जा रही थीं। लेकिन पुलिस-प्रशासन ने काबिलियत दिखाते हुए किसी अनहोनी को होने नहीं दिया और होली जमकर मनाई गई जबकि नमाज भी शांतिपूर्वक अता की गई। यहां कड़ी सुरक्षा के बीच शांतिपूर्ण तरीके से होली मनाई गई।
कड़ी सुरक्षा के बीच शांतिपूर्ण तरीके से मनाई गई होली
होली और जुमे की नमाज एक ही दिन होने के मद्देनजर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच संभल जिले में रंगों का त्योहार पारंपरिक उत्साह के साथ शांतिपूर्ण ढंग से मनाया गया। अधिकारियों ने बताया कि होली के अवसर पर संभल शहर में पारंपरिक ‘चौपाई का जुलूस’ भी निकाला गया। पिछले साल 24 नवंबर को शाही जामा मस्जिद के सर्वेक्षण के बाद भड़के दंगों के बाद से संभल में तनाव जैसी स्थिति है। इस झड़प में चार लोगों की मौत हो गई थी और पुलिसकर्मियों समेत कई लोग घायल हो गए थे।
कड़ी सुरक्षा के बीच जुमे की नमाज
संभल की शाही जामा मस्जिद में शुक्रवार को जुमे की नमाज कड़ी सुरक्षा के बीच शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। होली की वजह से इस बार जुमे की नमाज का समय आगे बढ़ाया गया था। जिलाधिकारी राजेंद्र पेंसिया ने बताया कि रंगोत्सव और जुमे की नमाज शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुई। उलेमा और मुतवल्लियों ने अपील की थी और जुमे की नमाज के लिए समय का निर्धारण किया था, जिसके चलते नमाज का वक्त करीब एक घंटे बाद दोपहर ढाई बजे तय किया गया। उन्होंने बताया कि होली और जुमे की नमाज के मद्देनजर कड़ी सुरक्षा का बंदोबस्त किया गया है। इस दौरान रैपिड एक्शन फोर्स, पीएसी और स्थानीय पुलिस बल के जवान पूरी तरह मुस्तैद रहे। पूरे इलाके की ड्रोन से निगरानी की गई।
शांतिपूर्वक होली और जुमे की नमाज
मस्जिद में अपराह्न दो बजकर 30 मिनट पर जुमे की नमाज अदा की गई। मस्जिद के सदर जफर अली ने पहले दोनों समुदायों के सदस्यों से होली मनाने और सौहार्दपूर्ण माहौल में जुमे की नमाज अदा करने का आग्रह किया था। संभल के जिलाधिकारी राजेंद्र पेंसिया ने संवाददाताओं को बताया, संभल जिले में 1,212 स्थानों पर होलिका दहन शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुआ। लोगों ने नाच-गाकर और एक-दूसरे पर गुलाल लगाकर पारंपरिक उत्साह के साथ रंगों का त्योहार मनाया। कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच 60 से अधिक जुलूस निकाले गए।
होली और जुमे की नमाज एक ही दिन होने के कारण इस बार पुलिस और जिला प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए थे, जिसके तहत शुक्रवार को संभल शहर में आरएएफ ने फ्लैग मार्च किया। संभल को ड्रोन निगरानी के लिए 29 सेक्टर में विभाजित किया गया था और दोनों त्योहारों को शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराने के लिए तीन स्तरीय सुरक्षा व्यवस्था की गई थी।
