नीतीश कुमार के एक फोन कॉल ने बदल दी पूरी जिंदगी, कौन हैं राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश नारायण सिंह?

Harivansh Narayan Singh: हरिवंश नारायण सिंह का जीवन संघर्ष और सफलता की कहानी है। पत्रकारिता से शुरुआत कर वे राज्यसभा के उपसभापति बने और अपनी सादगी व कार्यशैली से राजनीति में खास पहचान बनाई। जानें पूरा जीवन परिचय।

Harivansh Narayan Singh: जदयू नेता और सांसद हरिवंश नारायण सिंह आज निर्विरोध राज्यसभा (Harivansh Narayan Singh biography) उपभापति चुने गए। हरिवंश नारायण सिंह का जीवन संघर्ष और मेहनत की एक प्रेरणादायक कहानी है। उनका जन्म 30 जून 1956 को उत्तर प्रदेश के बलिया में एक मध्यमवर्गीय परिवार में हुआ था। उनका पैतृक संबंध बिहार के सारण जिले के सिताब दियारा गांव से है, जो लोकनायक जयप्रकाश नारायण (Jayaprakash Narayan) की जन्मस्थली भी है।

Harivansh Narayan Singh

500 रुपये की नौकरी से राज्यसभा उपसभापति तक का सफर (Photo: PTI)

हरिवंश ने बनारस हिंदू विश्वविद्यालय (Banaras Hindu University) से अर्थशास्त्र में एम.ए. किया और साथ ही पत्रकारिता में डिप्लोमा भी लिया। छात्र जीवन में वे जेपी और पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर (Chandra Shekhar) के विचारों से काफी प्रभावित रहे। इसी प्रेरणा से उन्होंने 1974 के जेपी आंदोलन में हिस्सा लिया। उनकी करियर की शुरुआत बहुत साधारण रही। नारायण सिंह ने केवल 500 रुपये महीने की नौकरी से पत्रकारिता शुरू की। 1977 में वे प्रशिक्षु पत्रकार (Trainee Journalist) बने और बाद में मुंबई जाकर ‘धर्मयुग’ पत्रिका में काम किया।

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