Siddharth Chatterjee Yoga Viral Video: चीन में संयुक्त राष्ट्र के प्रमुख और पूर्व भारतीय सैन्य अधिकारी सिद्धार्थ चटर्जी (Siddharth Chatterjee) इन दिनों चीनी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर वायरल हैं इसकी वजह भी है दरअसल सिद्धार्थ ने जीरो डिग्री से कम तापमान में कठिन योग का प्रदर्शन किया जिसे देखकर चीनियों के होश उड़ गए।
सिद्धार्थ चटर्जी इन दिनों चीनी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर वायरल हैं
उन्होंने शून्य से भी नीचे के तापमान में व्यायाम किया है और कई कठिन योग अभ्यास भी किया है, चटर्जी का कहना है कि इतने कम तापमान में शारीरिक और मानसिक संतुलन बनाए रखने में मदद व्यायाम करने से ही मिली।
सिद्धार्थ चटर्जी की साढ़े चार मिनट की डॉक्यूमेंट्री का शीर्षक 'ब्रीथिंग फॉर गुड हेल्थ' है वीडियो में देखा जा सकता है कि सिद्धार्थ ठंडे बीजिंग के मौसम में जमी हुई झील पर एक पतले बिस्तर पर बैठे हैं।
जिसके बाद सिद्धार्थ चटर्जी की बर्फ में योग करने की वीडियो चीन में सोशल मीडिया पर वायरल हो गई है। चटर्जी करीब 60 के हैं और उन्हें 2020 में चीन में संयुक्त राष्ट्र के प्रमुख राजनयिक के रूप में नियुक्त किया गया था। उन्होंने कहा कि जब उनकी नियुक्ति हुई थी तो वह उच्च कोलेस्ट्रॉल, उच्च रक्त चाप और उच्च हृदय गति के साथ ही प्री-डायबिटिक और मोटापे से ग्रस्त थे।
25 किलोग्राम वजन भी कम किया
फिर उन्होंने गहरी सांस लेने, उपवास करने और ठंड में रहने के कारण उन्होंने ब्लड प्रेशर को सामान्य करने के साथ ही 25 किलोग्राम वजन कम किया, जिसके उन्होंने शारीरिक के साथ ही मानसिक संतुलन भी हासिल किया।
चीन में संयुक्त राष्ट्र महासचिव का प्रतिनिधित्व करते हैं
सिद्धार्थ चटर्जी संयुक्त राष्ट्र में काम करते हैं और वर्तमान में चीन में संयुक्त राष्ट्र के रेजिडेंट समन्वयक के रूप में कार्यरत हैं। वह चीन में 26 से अधिक संयुक्त राष्ट्र एजेंसियों, फंडों और कार्यक्रमों के काम का नेतृत्व और समन्वय करते हैं। वह संयुक्त राष्ट्र के सबसे वरिष्ठ प्रतिनिधि हैं और चीन में संयुक्त राष्ट्र महासचिव का प्रतिनिधित्व करते हैं।
चटर्जी ने भारतीय सेना की एक विशेष बल इकाई में सेवा की और भारत के राष्ट्रपति द्वारा उन्हें वीरता के लिए सम्मानित किया गया। बाद में वह संयुक्त राष्ट्र चले गए जहां उन्होंने शांति स्थापना अभियानों, संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा, यूनिसेफ, परियोजना सेवाओं के लिए संयुक्त राष्ट्र कार्यालय, यूएनएफपीए और यूएनडीपी में काम किया। उन्होंने इंटरनेशनल फेडरेशन ऑफ द रेड क्रॉस और रेड क्रिसेंट सोसाइटीज़ में भी काम किया है।
