देश

अब ड्रोन से भी दागी जाएंगी मिसाइलें, DRDO का टेस्ट रहा सफल; ULPGM‑V3 मिसाइल ने साधा लक्ष्य

ULPGM‑V3 स्वदेशी इंजीनियरिंग द्वारा निर्मित है, जो भारत की 'मेक इन इंडिया' रक्षा पहल को बल देती है और देश को रणनीतिक रूप से प्रभावी बनाने में सहायक सिद्ध होती है।

Image

ड्रोन से दागे जाने वाली मिसाइल का सफल परीक्षण (फोटो- @rajnathsingh)

डीआरडीओ ने आज आंध्र प्रदेश के कुरनूल स्थित नेशनल ओपन एरिया रेंज (NOAR) में मानवरहित यान (UAV) से लॉन्च होने वाली मिसाइल ULPGM‑V3 का सफल परीक्षण किया। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने इस उपलब्धि की जानकारी सोशल मीडिया पर साझा की कि यह परीक्षण भारत की रक्षा क्षमताओं को नई ऊंचाइयों पर ले जाने में महत्वपूर्ण कदम है।

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने दी जानकारी

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने शुक्रवार को कहा कि यह परीक्षण कुरनूल में किया गया। सिंह ने सोशल मीडिया पर पोस्ट किया, ‘‘भारत की रक्षा क्षमताओं को एक बड़ी मजबूती देते हुए, डीआरडीओ ने आंध्र प्रदेश के कुरनूल स्थित नेशनल ओपन एरिया रेंज (एनओएआर) में मानवरहित यान से दागे जाने वाली सटीक मारक क्षमता वाली मिसाइल (यूएलपीजीएम)-वी3 का सफल परीक्षण किया।’’

स्वदेशी इंजीनियरिंग

इस मिसाइल प्रणाली को अत्यधिक सटीक मारक क्षमता और प्रगति की गई नेविगेशन तकनीक के साथ विकसित किया गया है। ULPGM‑V3 स्वदेशी इंजीनियरिंग द्वारा निर्मित है, जो भारत की 'मेक इन इंडिया' रक्षा पहल को बल देती है और देश को रणनीतिक रूप से प्रभावी बनाने में सहायक सिद्ध होती है। ULPGM‑V3 का सफल परीक्षण भारत को संवादहीन, सटीक और स्वदेशी UAV-लॉन्चड मिसाइल तकनीक से लैस करता है। यह मिशन DRDO और भारतीय रक्षा उद्योग के लिए आत्मनिर्भरता एवं नवाचार का प्रतीक है, जो भविष्य में आधुनिक युद्ध प्रणालियों में निर्णायक भूमिका निभा सकता है।

Shishupal Kumar
शिशुपाल कुमारauthor

शिशुपाल कुमार टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल के न्यूज डेस्क में कार्यरत एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें 13 वर्षों का अनुभव हासिल है। राजनीतिक, अंतरराष्ट्रीय और क्राइम रिपोर्टिंग में गहरी रुचि और मजबूत पकड़ के साथ वे समाचारों की बारीकियों को समझने और उन्हें प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करने के लिए जाने जाते हैं। शिशुपाल ने अपने करियर की शुरुआत एक इन्वेस्टिगेटिव जर्नलिस्ट के रूप में की, जहां उन्होंने प्रोडक्शन से लेकर ग्राउंड रिपोर्टिंग तक पत्रकारिता के कई महत्वपूर्ण पहलुओं में काम किया। फील्ड रिपोर्टिंग और डेस्क दोनों स्तरों पर उनकी दक्षता है। अब तक शिशुपाल कुमार 15,000 से अधिक खबरें प्रकाशित कर चुके हैं। वह ब्रेकिंग न्यूज, रियल-टाइम कवरेज, डेटा-आधारित विश्लेषण और एक्सप्लेनर लिखने में खास महारत रखते हैं। उनकी स्टोरीज तथ्यों की सटीकता और सहज भाषा की वजह से पाठकों पर मजबूत प्रभाव छोड़ती हैं।

और पढ़ें
End of Article