BJP National Organisation: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की नई संगठनात्मक टीम लगभग तैयार है और इसकी कभी भी घोषणा हो सकती है। गुरुवार रात केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के दिल्ली स्थित आवास पर हुई मैराथन बैठक में राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन के इस नई टीम का 'ब्लू प्रिंट' तैयार हो गया है। शाह के आवास पर हुई इस बैठक में भाजपा अध्यक्ष नितिन नबीन और राष्ट्रीय महामंत्री (संगठन) बीएल संतोष शामिल हुए। सूत्रों का कहना है कि इस टीम में किसे कौन सी जिम्मेदारी दी जानी है, इस पर गंभीरतापूर्वक विस्तार से चर्चा हुई। इसी साल जनवरी में नबीन को राष्ट्रीय अध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी गई लेकिन अब तक उनकी टीम की घोषणा नहीं हो पाई है। इस दौरान नबीन के नतेृत्व में भाजपा को दिल्ली, बिहार और पश्चिम बंगाल के विधानसभा चुनावों में जीत हासिल हुई है।
नई टीम की बस घोषणा होनी बाकी है-सूत्र
सूत्रों का कहना है कि राष्ट्रीय संगठन में किसे जगह मिलेगी, यह एक बड़ा सवाल है। शाह के घर पर ढाई से तीन घंटे तक चली बैठक में इसी को अंतिम रूप दिया गया। सूत्रों का कहना है कि जिस तर्ज पर यूपी बीजेपी कार्याकारिणी का गठन हुआ है, उसी तर्ज पर राष्ट्रीय टीम भी बनाई जा सकती है। यानी यूपी में युवा और अनुभवी नेताओं को जिम्मेदारी दी गई है, इसी फॉर्मूले को राष्ट्रीय संगठन के गठन में लागू किया जा सकता है। सूत्रों का कहना है नई टीम के लिए चेहरों का चयन हो चुका है और बस इसकी घोषणा होनी बाकी है।
देखने को मिल सकता है युवा, महिला-अनुभव का मिश्रण
नितिन नबीन की इस टीम के कंघों पर बड़ी जिम्मेदारी होगी। इसी टीम की अगुवाई और नेतृत्व में 2029 का लोकसभा चुनाव लड़ा जाएगा। इसके अलावा आने वाले वर्षों में जिन राज्यों में विधानसभा चुनाव होने हैं, वहां की चुनावी रणनीति की तैयारी और निगरानी भी यही टीम करेगी। सूत्रों का कहना है कि नई टीम में किसे कौन सी जिम्मेदारी दी जा रही है, इस पर बहुत ही विस्तार और बारीकी से चर्चा हुई है। इस गहन चर्चा एवं परामर्श के बाद राष्ट्रीय कार्यकारिणी को अंतिम रूप दिया गया है। इस टीम में युवाओं, महिलाओं और अनुभव का एक मिश्रण देखने को मिलेगा। चूंकि भाजपा महिला आरक्षण विधेयक लागू करना चाहती है। ऐसे में संगठन के महत्वपूर्ण पदों पर महिलाओं को नियुक्त कर वह एक राजनीतिक संदेश भी देना चाहेगी।
बदले जा सकते हैं महिला-युवा मोर्चा के पदाधिकारी
यूपी में पुराने महासचिव को बदला गया है। साथ ही कुछ नए चेहरों को जगह दी गई। सूत्र कहते हैं कि इसी तरह इस राष्ट्रीय टीम में भी कुछ बदलाव और कुछ नए चेहरे देखने को मिल सकते हैं। पंजाब, उत्तर प्रदेश के विधानसभा चुनावों को देखते हुए राष्ट्रीय टीम में इन दोनों राज्यों के नेता शामिल किए जा सकते हैं। महिला और युवा मोर्चा के जो पदाधिकारी और राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं, उन्हें बदला जा सकता है। एक बार राष्ट्रीय टीम का गठन हो जाता है तो राष्ट्रीय अध्यक्ष के कार्यकाल तक यही टीम बनी रहती है, उसमें कोई बदलाव नहीं होता। राष्ट्रीय टीम में केवल चुनाव वाले राज्यों से नेताओं को शामिल नहीं किया जाता लेकिन बड़े राज्यों से एक की जगह दो नेताओं को जगह देने की परंपरा रही है। ऐसे में बड़े राज्यों से संगठन में एक से ज्यादा नेता नजर आ सकते हैं। भाजपा के लिए 2029 का लोकसभा चुनाव काफी अहम है, केंद्र की सत्ता में वापसी करने के लिए वह अभी से रणनीति पर काम कर रही है और इस रणनीति में राष्ट्रीय कार्यकारिणी का गठन काफी अहम है क्योंकि यही टीम 2029 के लिए जमीनी स्तर पर अभियान और चुनावी समीकरण को आगे बढ़ाएगी।