एक छोटी सी चूक से आजम खान को मिली थी बड़ी राहत, जानें-अभियोजन पक्ष ने क्या कहा

  • Authored by: ललित राय
  • Updated May 27, 2023, 08:04 AM IST

Azam Khan Hate Speech Case: जिस वजह से यानी हेट स्पीच मामले की वजह से समाजवादी पार्टी के कद्दावर नेता आजम खान अपनी सदस्यता खो बैठे थे। लेकिन उस मामले में अब वो बरी हो चुके हैं। अदालत ने कहा कि रामपुर के तत्कालीन डीएम खुद वादी क्यों नहीं बने।

Azam Khan Hate Speech Case: समाजवादी पार्टी के नेता आजम खां को भड़काऊ भाषण मामले में बरी किए जाने पर संयुक्त निदेशक अभियोजन राजेश शुक्ला ने शुक्रवार को कहा कि रामपुर की एमपी एमएलए कोर्ट के फैसले पर सावधानीपूर्वक विचार किया गया है।राजेश शुक्ला ने एएनआई को बताया, "रामपुर के एमपी एमएलए कोर्ट के फैसले पर हमने सावधानीपूर्वक विचार किया है। एआर कमेटी एक पूरी रिपोर्ट तैयार करेगी और मामले को अदालत में अपील करेगी। हमारे द्वारा उठाए गए बिंदुओं पर विचार नहीं किया गया। उन्होंने कहा कि प्राथमिकी किसी दबाव में दर्ज नहीं की गई। चुनावी वीडियोग्राफी में बोले गए शब्द गलत पाए जाने पर प्राथमिकी दर्ज की गई।2019 के लोकसभा चुनाव के दौरान उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के खिलाफ कथित रूप से अपमानजनक टिप्पणी करने के आरोप में अदालत ने बुधवार को सपा नेता को बरी कर दिया।

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