Pakistan High Commisiion: दिल्ली में पाकिस्तान उच्चायोग के बाहर लगे अतिरिक्त सुरक्षा घेरे को भारतीय अधिकारियों ने हटा दिया है। उच्चायोग के बाहर लगे ट्रैफिक बोलार्ड एवं बैरिकेड हटाए गए हैं। बताया जा रहा है कि उच्चायोग के बाहर यह अतिरिक्त सुरक्षा घेरा अवैध था और इसे अतिक्रमण कर खड़ा किया गया था। यह स्थान पाकिस्तानी मिशन के वीजा सेंटर के करीब है। उच्चायोग परिसर के बाहर अतिरिक्त सुरक्षा घेरा तय मानक से बाहर था जिसे संबंधित अधिकारियों द्वारा हटाया गया है।
भारत ने की जवाबी कार्रवाई
रिपोर्टों के मुताबिक दिल्ली में यह कार्रवाई ऐसे समय हुई है जब इस्लामाबाद में भारतीय उच्चायोग परिसर के बाहर पार्किंग पोल्स हटाए गए हैं। इसे भारत की तरफ से जवाबी कार्रवाई मानी जा रही है। दोनों देशों के तनावपूर्ण संबंधों में एक-दूसरे के खिलाफ जवाबी कार्रवाई आम बात रही है। इसके ऐतिहासिक उदाहरणों में कर्मचारियों की संख्या में पारस्परिक कटौती, उच्चायोग पहुंच पर कड़े नियंत्रण और प्रशासनिक प्रतिबंध शामिल हैं। पाकिस्तान की ओर से उठाए गए ऐसे कदमों का भारत ने भी आवश्यकता पड़ने पर उसी तरह जवाब दिया है।
पहलगाम हमले के बाद निचले स्तर पर रिश्ते
यह कदम ऐसे समय उठाया गया है जब भारत के खिलाफ सीमा पार आतंकवाद को पाकिस्तान के समर्थन के कारण दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय संबंध लगातार तनावपूर्ण बने हुए हैं। दोनों देशों के रिश्ते पिछले कई दशकों के सबसे निचले स्तरों में से एक पर हैं। भारत के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद चार दिन तक चले सैन्य टकराव को एक साल से अधिक समय बीत जाने के बावजूद स्थिति में खास सुधार नहीं आया है। कूटनीतिक कदम उठाते हुए भारत ने सिंधु जल संधि निलंबित कर दी। इसे दोबारा चालू करने के लिए पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय मंचों पर हाथ-पांव जोड़ रहा है लेकिन भारत ने साफ कर दिया है कि पानी और खून दोनों साथ-साथ नहीं बह सकते।
आतंकवाद बंद होने पर ही होंगे सामान्य संबंध-भारत
भारत का कहना है कि सामान्य पड़ोसी संबंध तभी संभव हैं, जब माहौल हिंसा और आतंकवाद से मुक्त हो। दोनों देशों के बीच सैन्य संपर्क के चैनल पूरी तरह बंद नहीं हुए हैं। दोनों देशों के सैन्य संचालन महानिदेशकों (DGMO) के बीच साप्ताहिक टेलीफोन वार्ता जारी है और संघर्षविराम भी बड़े पैमाने पर कायम है। हालांकि, कुछ सीमित उल्लंघनों की खबरें सामने आई हैं।
