Assam Flood: असम में बाढ़ की स्थिति में रविवार को भी सुधार हुआ और प्रभावित लोगों की संख्या घटकर 2.59 लाख हो गई। वहीं, तीन और लोगों की मौत होने से इस साल बाढ़ और भूस्खलन में मरने वालों की कुल संख्या बढ़कर 26 हो गई। अधिकारियों ने बताया कि राज्य में कोई भी प्रमुख नदी खतरे के निशान से ऊपर नहीं बह रही है तथा ब्रह्मपुत्र नदी में नौका सेवाएं दिन में आंशिक रूप से बहाल हो गईं।
असम में बाढ़ से बिगड़े हालात
असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (ASDMA) के बुलेटिन में कहा गया है कि 11 जिलों के 32 राजस्व क्षेत्र और 741 गांवों में बाढ़ का पानी प्रवेश कर गया है। बाढ़ प्रभावित लोगों की संख्या 2,59,093 है, जिसमें बराक घाटी के तीन जिले श्रीभूमि (1,62,108), हैलाकांडी (51,663) और कछार (36,271) सर्वाधिक प्रभावित हैं। शनिवार तक 12 जिलों के करीब 3.37 लाख लोग प्रभावित हुए हैं।
अब तक कितने लोगों ने गंवाई जान?
बुलेटिन में कहा गया है कि रविवार को तीन लोगों की मौतें कामरूप जिले के नागरबेरा राजस्व क्षेत्र से हुईं, जिसके साथ ही मरने वालों की कुल संख्या बढ़ कर 26 हो गई, जिनमें से छह मौतें भूस्खलन में हुई हैं। बाढ़ के कारण विस्थापित हुए 24,000 से अधिक लोग 100 राहत शिविरों में शरण लिये हुए हैं, जबकि 30 अन्य राहत वितरण केंद्र भी संचालित हो रहे हैं।
6,311 हेक्टेयर से अधिक कृषि भूमि जलमग्न
एएसडीएमए ने कहा कि 6,311 हेक्टेयर से अधिक कृषि भूमि जलमग्न है। अधिकारियों ने बताया कि काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान और पोबितोरा वन्यजीव अभयारण्य भी बाढ़ से प्रभावित हैं। इस बीच, अंतर्देशीय जल परिवहन (IWT) विभाग की विज्ञप्ति में कहा गया कि रविवार को गुवाहाटी में ब्रह्मपुत्र नदी में नौका सेवाएं आंशिक रूप से फिर से शुरू हो गईं।
