Mukhtar Ansari: 'मेरे मुवक्किल मुख्तार अंसारी आतंकी नहीं हो सकते', यह है वजह

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Feb 9, 2021, 07:05 AM IST

मुख्तार अंसारी के वकीलों ने सुप्रीम कोर्ट के सामने दलील दी कि उनका मुवक्किल उपराष्ट्रपति रहे डॉ हामिद अंसारी के परिवार से संबंध है लिहाजा वो आतंकी नहीं हो सकते हैं।

Mukhtar Ansari: 'मेरे मुवक्किल मुख्तार अंसारी आतंकी नहीं हो सकते', यह है वजह

नई दिल्ली। मुख्तार अंसारी, ये वो नाम है जिसके साथ विवादों का लंबा इतिहास है। इस समय ये पंजाब की जेल में बंद हैं तो उसके पीछे वजह यह है कि उन्हें यूपी की जेलें सुरक्षित नजर नहीं आतीं। लेकिन यूपी सरकार उन्हें वापस लाने की कोशिश कर रही है। हालांकि यह मामला देश की सुप्रीम अदालत में है। पंजाब जेल प्रशासन से कई मिन्नतों के बाद जब बात नहीं बनी तो दोनों पक्ष अदालत पहुंचे।

पंजाब के रोपड़ जेल में बंद हैं अंसारी
मुख्तार अंसारी के खिलाफ यूपी पुलिस की तरफ से कई बार वारंट को तामील कराने की कोशिश गई। लेकिन नतीजा सिफर रहा।
सोमवार को सुप्रीम कोर्ट में जब इस विषय पर सुनवाई हुई तो मुख्तार अंसारी की तरफ से जो दलील  दी गई कि वो दिलचस्प थी। अंसारी के वकीलों ने कहा कि उनके मुवक्किल का संबंध देश के उपराष्ट्रपति डॉ हामिद अंसारी के परिवार से रिश्ता है लिहाजा वो आतंकवादी नहीं हो सकते। 

अदालत में पारिवारिक इतिहास का हवाला
मुख्तार अंसारी की तरफ से अदालत को बताया गया है कि उनके परिवार का भारत के स्वतंत्रता संग्राम में महत्वपूर्ण योगदान है। हामिद अंसारी देश के उपराष्ट्रपति रहे हैं।  उनके बाबा शौकत उल्ला अंसारी ओडिशा के राज्यपाल रहे हैं। इसके साथ ही जस्टिस आसिफ अंसारी भी उनके परिवार से हैं, और वो इलाहाबाद हाई कोर्ट के जज रहे हैं। 

यूपी सरकार ने बताया है आतंकी
यूपी सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में मुख्तार अंसारी को आतंकी बताया है। सरकार की तरफ से दलील दी गई है कि मुख्तार को आतंकवादी  पंजाब सरकार उनका (अंसारी) समर्थन कर रही है। अंसारी पंजाब में फाइव स्टार सुविधा पा रहे हैं, जबकि उनके खिलाफ हत्या समेत दूसरे गंभीर मामले लंबित हैं। 









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