भारतीय तटरक्षक की 'आंख' बने ALH Mark3 चॉपर, भारी मशीनगनों से हैं लैस 

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Jun 28, 2022, 10:44 AM IST

गुजरात के पोरबंदर में आईसीजी ने मंगलवार को अपने बेड़े में ALH Mark 3 हेलिकॉप्टरों को अपने बेडे़ में शामिल किया। इन हेलिकॉप्टरों में भारी मशीन गन लगाए गए हैं। इससे इनकी मारक क्षमता काफी बढ़ गई है।

भारतीय तटरक्षक की 'आंख' बने ALH Mark3 चॉपर, भारी मशीनगनों से हैं लैस 
Photo Credit: ANI

ALH Mark 3 : देश की समुद्री सीमा की निगहबानी करने और दुश्मन के दुस्साहस को जवाब देने के लिए भारतीय तटरक्षक (ICG) को नया 'हथियार' मिल गया है। गुजरात के पोरबंदर में आईसीजी ने मंगलवार को अपने बेड़े में ALH Mark 3 हेलिकॉप्टरों को अपने बेडे़ में शामिल किया। इन हेलिकॉप्टरों में भारी मशीन गन लगाए गए हैं। इससे इनकी मारक क्षमता काफी बढ़ गई है। ये हेलिकॉप्टर आधुनिक तकनीक एवं नई मारक्ष क्षमताओं से लैस है। इनके शामिल हो जाने से आईसीजी की सीमा की निगरानी क्षमता काफी बढ़ गई है। ये हेलिकॉप्टर लड़ाकू भूमिकाओं में पूरी तरह फिट बैठने वाले हैं। 

HAL ने इन हल्के हेलिकॉप्टरों को बनाया है 
इस हल्के लड़ाकू चॉपर को हिंदुस्तान एरोनाटिक्स लिमिटेड (HAL) ने तैयार किया है। इन हेलिकॉप्टरों को पोरबंदर, भुवनेश्वर, कोच्चि एवं चेन्नई में तैनात किया जाएगा। एचएएल इन जगहों पर अपने इस हल्के चॉपर की आपूर्ति कर रहा है। आईसीजी के दो ठिकानों भुवनेश्वर एवं पोरबंदर को पहले ही ये हेलिकॉप्टर मिल चुके हैं। 

चॉपर में दो शक्तिशाली इंजन लगे हैं
इन हेलिकॉप्टरों से कई तरह की सेवाएं ली जा सकती हैं। आईसीजे इनका इस्तेमाल समुद्री सीमा की निगरानी, राहत एवं बचाव कार्य, एयरलिफ्ट और सामान पहुंचाने में कर सकता है। एएलएच मार्क 3 में दो शक्ति इंजन लगे हैं। इसमें सर्विलांस रडार, इलेक्ट्रो ऑप्टिक पॉड, मेडिकल अर्जेंट केयर यूनिट, हाई-इंटेसिटी सर्चलाइट, सप्रेसर, भारी मशीनगन और ग्लास कॉकपिट लगा है। 

End of Article