देश

'अमा यहीं पैदा हुई, वह भारतीय है', गोकर्ण गुफा में मिली रूसी महिला के पूर्व पति ने मांगा बेटियों का संयुक्त संरक्षण

गोल्डस्टीन (38) ने बताया कि वह साल में लगभग छह महीने गोवा में रहते हैं। उन्होंने कहा कि वह पिछले कुछ वर्षों से कुटिना (40) से अलग रह रहे थे और कुछ महीने पहले वह बेटियों को लेकर गोवा छोड़कर चली गईं, तब से उनसे उनका संपर्क नहीं था। गोल्डस्टीन ने कहा, ‘मैं उन्हें गोकर्ण के एक समुद्र तट पर ढूंढने में कामयाब रहा, लेकिन कुटिना ने मुझे मेरे बच्चों के साथ रहने देने से मना कर दिया, क्योंकि मैं अब उसके साथ नहीं रहता।’

Image

पिछले दिनों गोकर्ण की गुफा में अपनी दो बेटियों के साथ मिली रूसी महिला। तस्वीर-ANI

Photo : ANI

Russian woman cave saga : कर्नाटक के गोकर्ण में जंगल के बीच एक गुफा में कुछ दिन पहले अपनी दो बेटियों के साथ रहती हुई मिली रूसी महिला नीना कुटिना के पूर्व पति और इजरायली नागरिक ड्रोर गोल्डस्टीन ने बेटियों का संयुक्त संरक्षण देने की मांग करते हुए दावा किया है कि वह उनका पिता है। गोल्डस्टीन ने बुधवार को ‘पीटीआई वीडियो’ से बातचीत में कहा, ‘मैं बस हफ्ते में कुछ वक्त अपनी बेटियों से मिलना चाहता हूं और उनकी देखभाल भी करना चाहता हूं। मेरी चिंता यह है कि अगर वे अभी रूस चली गईं, तो उनसे संपर्क बनाए रखना मुश्किल हो जाएगा। इसलिए, मैं चाहता हूं कि वे भारत में ही रहें।’

गोल्डस्टीन ने बताया-वह छह महीने गोवा में रहते हैं

गोल्डस्टीन (38) ने बताया कि वह साल में लगभग छह महीने गोवा में रहते हैं। उन्होंने कहा कि वह पिछले कुछ वर्षों से कुटिना (40) से अलग रह रहे थे और कुछ महीने पहले वह बेटियों को लेकर गोवा छोड़कर चली गईं, तब से उनसे उनका संपर्क नहीं था। गोल्डस्टीन ने कहा, ‘मैं उन्हें गोकर्ण के एक समुद्र तट पर ढूंढने में कामयाब रहा, लेकिन कुटिना ने मुझे मेरे बच्चों के साथ रहने देने से मना कर दिया, क्योंकि मैं अब उसके साथ नहीं रहता।’ उन्होंने कहा कि उनकी मुलाकात कुटिना से 2017 के आसपास गोवा में हुई थी और वे अलग होने से पहले तक भारत और यूक्रेन के बीच यात्रा करते रहे थे।

खबर सुनने के बाद बेंगलुरु आए

गोल्डस्टीन ने कहा कि इस साल मार्च में वह भारत से चले गए थे और युद्ध के कारण इससे पहले नहीं आ सके। उन्होंने कहा, ‘जब मैंने यह खबर सुनी तो मैंने उनसे मिलने के लिए तुरंत बेंगलुरु के लिए उड़ान बुक करवाई।’ गोल्डस्टीन ने कहा कि कुटिना बच्चों की परवरिश अकेले ही करना चाहती हैं। उन्होंने दावा किया, ‘कुटिना ने शुरुआत में ही मुझसे कहा था कि अगर मैं उसी घर में नहीं रहूंगा, तो मुझे उनसे बिल्कुल भी संपर्क नहीं रखना चाहिए।’

बेटियों का साझा संरक्षण चाहते हैं

गोल्डस्टीन ने बताया कि कुछ महीने पहले जब पत्नी और बच्चियां गोवा से चली गई थीं तो उन्होंने पुलिस में गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उन्होंने कहा, ‘लेकिन अब मैं साझा संरक्षण के लिए प्रयास करना चाहता हूं।’ गोल्डस्टीन ने कहा कि वह कुटिना की मदद तब से कर रहे हैं जब उसने उनकी पहली बेटी को जन्म दिया था। उन्होंने आगे कहा, ‘मैं उन्हें हर महीने पैसे देता हूं और फिर उनके साथ छह महीने बिताने के लिए भारत आ जाता हूं, क्योंकि बाकी छह महीनों के लिए मेरे पास अन्य जिम्मेदारियां होती हैं। इसके अलावा, वीजा भी सिर्फ छह महीने का ही होता है।’

छोटी बेटी का जन्म भारत में हुआ

गोल्डस्टीन ने कहा कि उनकी छोटी बेटी का जन्म भारत में हुआ था और कुटिना लगभग पांच वर्षों से यहां (भारत में) रह रही है। कुटिना गत 11 जुलाई को अपनी बेटियों प्रेमा (6) और अमा (4) के साथ कुमता तालुक की रामतीर्थ पहाड़ियों में एक एकांत गुफा में मिली थीं। उन्होंने कहा, ‘जहां तक मैं समझता हूं, वह (अमा) भारत की नागरिक है और उसे निर्वासित नहीं किया जाना चाहिए।’ क्षेत्र में भूस्खलन के बाद पुलिस नियमित निरीक्षण कर रही थी तभी उसे गोकर्ण में एक गुफा के अंदर कुटिना दो बेटियों के साथ मिलीं।

(इनपुट-भाषा)

Alok Rao
आलोक कुमार रावauthor

19 वर्षों से मीडिया जगत में सक्रिय आलोक राव ने प्रिंट, न्यूज एजेंसी, टीवी और डिजिटल चारों ही माध्यमों में काम किया है। इस लंबे अनुभव ने उन्हें समाचारों की समझ, प्रेजेंटेशन, डिटेलिंग और न्यूजरूम डायनेमिक्स में असाधारण दक्षता प्रदान की है। राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों में विशेष रुचि रखने के साथ-साथ जियो-पॉलिटिक्स एवं डिफेंस की स्टोरीज में इनकी खासी दिलचस्पी है। आलोक ने अलग-अलग माध्यमों में काम करते हुए समाचारों की समझ, प्रस्तुति और विश्लेषण में मजबूत दक्षता विकसित की है और अब तक 25,000 से अधिक आर्टिकल तैयार कर चुके हैं। तथ्यों की गहन जांच, मजबूत न्यूज सेंस और तेज निर्णय क्षमता उनकी पत्रकारिता की प्रमुख खासियतें हैं।

और पढ़ें
End of Article
Subscribe to our daily Newsletter!