Benefits of Coarse Grains : यूं ही नहीं खाते सर्दियों में मक्का बाजरा, कई रोगों से बचाता है मोटा अनाज

  • Authored by: टाइम्स नाउ नवभारत डिजिटल
  • Updated Dec 31, 2022, 04:18 PM IST

These are the benefits of coarse grains : मोटे अनाज को लेकर हुए कई शोध में चौंकाने वाले नतीजे सामने आए हैं। होल ग्रेेन के सेवन से इंसानों को होने वाले कई गंभीर रोगों का खतरा कई फीसदी कम हो जाता है। विशेषज्ञों के मूुताबिक मोटा अनाज के तरह के पोषक तत्वों का अकूत भंडार है।

KEY HIGHLIGHTS
  • मोटे अनाज के सेवन से कई गंभीर रोगों का खतरा टलता है
  • मोटा अनाज पोषक तत्वों का अकूत भंडार है
  • इसे कई व्यजंन बना आहार में शामिल किया जा सकता है

These are the benefits of coarse grains : नए साल 2023 को संयुक्त राष्ट्र की ओर से अंतरराष्ट्रीय मोटा अनाज वर्ष घोषित किया गया है। साबुत अनाज को होल ग्रेन भी कहा जाता है। अब आपके मन में सवाल उठ रहा होगा कि, आखिर यह साबुत अनाज क्या है और जंक फूड के जमाने में लोगों को एकाएक इसकी याद क्यों आई। इसके पीछे की वजह है, हेल्थ कॉन्सियस को लेकर लोग अब अवेयर हो रहे हैं। बाजार में मिलने वाले फास्ट फूड के भ्रमजाल में फंसने के बाद बीमारियों ने लोगों को बेतहाशा परेशान किया है। अब जागरूकता आई है तो लोगों मोटा अनाज याद आने लगा है।

benefits of coarse grains.

मोटे अनाज को खाने से कई गंभीर रोगों का खतरा टलता है(प्रतीकात्मक तस्वीर)

अब तक की हुई रिसर्च के मुताबिक मोटा अनाज शरीर में बनने वाले बैड कोलेस्ट्रॉल को घटा गुड कोलेस्ट्रॉल के स्तर को बढाता है। वहीं उच्च रक्तचाप को भी बैलेंस करता है। इसके अलवा मोटे अनाज के सेवन से हार्ट अटैक व मधुमेह का खतरा कम हो जाता है। होल ग्रेन काउंसिल के मुताबिक अगर हम प्रतिदिन करीब 50 ग्राम मोटे अनाज से बनें व्यंजनों को अपने आहार में शामिल करते हैं तो हमें कई गंभीर बीमारियां होने का खतरा कम हो जाता है।

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