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जख्म, सर्जरी और इंतजार: सवालों के साए में ईरान, कहां हैं सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई?

Mojtaba Khamenei Health: मोजतबा खामेनेई के स्वास्थ्य को लेकर सामने आई रिपोर्ट्स ने ईरान की राजनीति में हलचल बढ़ा दी है। उनकी सीमित सक्रियता के बीच IRGC का प्रभाव बढ़ने की चर्चा है, जिससे सत्ता संतुलन में बदलाव के संकेत मिल रहे हैं।

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मोजतबा खामेनेई की सेहत पर सवाल (Photo: AI Generated)
Authored by: monu jha
Updated Apr 25, 2026, 11:14 IST
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Mojtaba Khamenei Health: ईरान की राजनीति को लेकर इन दिनों कई तरह की खबरें और चर्चाएं सामने आ रही हैं, खासकर मोजतबा खामेनेई को लेकर। कुछ रिपोर्ट्स में उनके स्वास्थ्य और सार्वजनिक रूप से न दिखने को लेकर दावे किए जा रहे हैं। मोजतबा खामेनेई, ईरान के सर्वोच्च नेता रहे अयातुल्लाह अली खामेनेई के बेटे हैं और लंबे समय से देश की राजनीति में प्रभावशाली माने जाते हैं। हाल के समय में उनके सार्वजनिक रूप से सामने न आने की वजह से लोगों के बीच कई सवाल उठ रहे हैं। कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि वे स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रहे हैं और इलाज करा रहे हैं।

कुछ समय पहले अमेरिका और इजराइल के हमले में उनके पिता अली खामेनेई की मौत हो गई थी। उसी हमले में मोजतबा भी बुरी तरह घायल हो गए। न्यूयॉर्क टाइम्स की हालिया रिपोर्ट के अनुसार, उनके एक पैर पर तीन बार ऑपरेशन हो चुके हैं। अब डॉक्टर नकली पैर (प्रोस्थेटिक लेग) लगाने की तैयारी कर रहे हैं। उनके एक हाथ की सर्जरी भी हो चुकी है। धीरे-धीरे उसमें सुधार हो रहा है, लेकिन अभी पूरी तरह ठीक नहीं हुआ। सबसे बड़ी समस्या उनके चेहरे और होंठों की है। हमले में चेहरा और होंठ जल गए, जिससे बोलने में बहुत दिक्कत हो रही है।

ईरान के सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई की एक तस्वीर (Photo-AP)

ईरान के सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई की एक तस्वीर (Photo-AP)

ना कोई तस्वीर आई और ना ही कोई वीडियो

आगे प्लास्टिक सर्जरी की भी जरूरत पड़ सकती है। इसी वजह से वे कई दिनों से सार्वजनिक रूप से नहीं दिखे हैं। न कोई तस्वीर आई है, न वीडियो और न ही उनकी आवाज सुनी गई है। वे सुरक्षित जगह पर छिपकर इलाज करा रहे हैं। रिपोर्ट में कहा गया है कि मानसिक रूप से वे पूरी तरह सतर्क और सक्रिय हैं। वे फैसले लेने में सक्षम हैं, लेकिन शारीरिक हालत के कारण सार्वजनिक कार्यक्रमों से दूर रह रहे हैं। डॉक्टरों के अनुसार, उन्हें अब कृत्रिम पैर की जरूरत पड़ सकती है।

जरूरी फैसले लेने में सक्षम

बताया जा रहा है कि उनकी हालत पहले से बेहतर हो रही है, लेकिन वे अभी भी पूरी तरह सक्रिय नहीं हैं। इन खबरों के बीच यह भी कहा जा रहा है कि उनकी शारीरिक स्थिति कमजोर होने के कारण वे सीधे तौर पर राजनीतिक गतिविधियों में कम दिखाई दे रहे हैं। हालांकि, यह भी बताया गया है कि वे मानसिक रूप से पूरी तरह सतर्क हैं और जरूरी फैसले लेने में सक्षम हैं। इसके बावजूद, उनकी गैर-मौजूदगी का असर ईरान (Iran political crisis) की सत्ता व्यवस्था पर पड़ता हुआ नजर आ रहा है।

लोगों से हाथ मिलाते मोजतबा खामेनेई की एक तस्वीर (Photo: AP)

लोगों से हाथ मिलाते मोजतबा खामेनेई की एक तस्वीर (Photo: AP)

IRGC की बढ़ती भूमिका

कुछ विश्लेषकों का मानना है कि इस स्थिति का फायदा ईरान की ताकतवर सैन्य संस्था, इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC), को मिल रहा है। बताया जा रहा है कि कई अहम फैसलों (Iran leadership update) में अब सैन्य अधिकारियों की भूमिका बढ़ गई है। पहले जहां फैसले एक ही केंद्र से लिए जाते थे, अब ऐसा लग रहा है कि कई लोग मिलकर निर्णय ले रहे हैं। इस तरह की व्यवस्था को कुछ लोग 'साझा नेतृत्व' या 'समूह में फैसले लेने की प्रक्रिया' भी कह रहे हैं।

ईरान और अमेरिका के बीच तनाव कम करने की कोशिश

रिपोर्ट्स में यह भी सामने आया है कि ईरान के अंदर राजनीतिक संतुलन में बदलाव हो रहा है। सरकार और सैन्य नेतृत्व के बीच तालमेल बना हुआ है, लेकिन फैसलों की प्रक्रिया पहले से अलग दिखाई दे रही है। खासकर विदेश नीति और सुरक्षा से जुड़े मामलों में सैन्य अधिकारियों की भागीदारी बढ़ने की बात कही जा रही है। इस बीच ईरान और अमेरिका के बीच संबंधों को लेकर भी स्थिति पूरी तरह सामान्य नहीं है। दोनों देशों के बीच तनाव कम करने की कोशिशें जारी हैं, लेकिन अंदरूनी परिस्थितियां इस प्रक्रिया को प्रभावित कर सकती हैं।

(Photo: AI Generated)

(Photo: AI Generated)

विशेषज्ञों का मानना है कि जब किसी देश के शीर्ष नेतृत्व की सक्रियता कम हो जाती है, तो उसका असर नीतियों और फैसलों पर जरूर पड़ता है। कुल मिलाकर अगर कहा जाए तो मोजतबा खामेनेई (Khamenei injury news) को लेकर जो भी खबरें सामने आ रही हैं, वे ईरान की राजनीति में बदलाव के संकेत दे रही हैं। आने वाले समय में यह देखना अहम होगा कि ईरान की राजनीति किस दिशा में जाती है और वहां की सत्ता संरचना में क्या बदलाव होते हैं। साथ ही, यह भी महत्वपूर्ण होगा कि देश का नेतृत्व किस तरह से आंतरिक और बाहरी चुनौतियों का सामना करता है।

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