Rahul Gandhi Lok Sabha Speech: लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने सोमवार को राष्ट्रपति के अभिभाषण पर लाए गए धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा में भाग लेते हुए कई ऐसी बातें कही, जिसने हंगामा खड़ा कर दिया। राहुल गांधी ने जिस तरह से बीजेपी पर तीखा हमला बोला है, उससे ये तो साफ है कि वो अपना आक्रमक रवैया बरकरार रखने वाले हैं, लेकिन बीजेपी भी राहुल गांधी के बयानों पर चुप नहीं रहने वाली, ये भी आज के हंगामे से साफ हो गया है।
राहुल गांधी के लोकसभा भाषण पर बवाल
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जब राहुल के बयान पर मच गया हंगामा
राहुल गांधी ने मोदी सरकार पर देश में हिंसा, नफरत तथा डर फैलाने का आरोप लगाया और दावा किया कि ‘‘ये लोग हिंदू नहीं हैं क्योंकि 24 घंटे की हिंसा की बात करते हैं।’’ उन्होंने यह भी कहा कि हिंदू कभी हिंसा नहीं कर सकता, कभी नफरत और डर नहीं फैला सकता। राहुल गांधी ने जब भाजपा पर यह आरोप लगाया तो प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह ने आपत्ति जताते हुए यह कहा कि कांग्रेस नेता ने पूरे हिंदू समाज को हिंसक कहा है। उन्हें माफी मांगनी चाहिए। राहुल गांधी के इस बयान पर सत्तापक्ष और विपक्ष के बीच सदन के अंदर वार-पलटवार भी देखने को मिला।
राहुल गांधी के भाषण की 10 बड़ी बातें
- नरेंद्र मोदी पूरा हिंदू समाज नहीं है। BJP पूरा हिंदू समाज नहीं है। RSS पूरा हिंदू समाज नहीं है। ये ठेका नहीं है BJP का।
- दरअसल, स्पीकर की कुर्सी पर दो लोग बैठे हैं: एक लोकसभा अध्यक्ष हैं और दूसरे ओम बिरला हैं। जब मोदी जी ने आपसे हाथ मिलाया और फिर मैंने भी आपसे हाथ मिलाया, तो मैंने एक बात नोटिस की। जब मैंने आपसे हाथ मिलाया, तो आप सीधे खड़े हो गए। जब मोदी जी ने आपसे हाथ मिलाया, तो आप झुक गए।
- नरेंद्र मोदी ने अयोध्या से चुनाव लड़ने के लिए 2 बार सर्वे करवाया। सर्वे करने वालों ने साफ कह दिया - अयोध्या से चुनाव मत लड़िएगा, अयोध्या की जनता हरा देगी। इसलिए नरेंद्र मोदी वाराणसी गए और वहां बचकर निकले।
- मोदी जी, आप लिखकर ले लीजिए.. इस बार INDIA गठबंधन आपको गुजरात में हराने जा रहा है।
- ये अहिंसा का देश है, ये डर का देश नहीं है। भगवान शिव कहते हैं- डरो मत, डराओ मत। वे अहिंसा की बात करते हैं। और BJP के जो लोग अपने आप को हिंदू कहते हैं, वे हर समय हिंसा और नफरत की बात करते हैं। आप हिंदू हैं ही नहीं।
- पिछले 10 वर्षों में संविधान और भारत की अवधारणा पर सुनियोजित ढंग से हमला किया गया है... संविधान और भाजपा के विचारों का विरोध करने वाले करोड़ों लोगों पर हमला किया गया है। कई लोगों पर निजी तौर पर हमला किया गया। कई नेताओं को जेल में डाला गया। हमारे एक नेता (हेमंत सोरेन) अभी जेल से बाहर आए और एक नेता (अरविंद केजरीवाल) जेल में हैं।
- प्रधानमंत्री मोदी देश के लिए अपनी जान देने वाले अग्निवीरों को शहीद नहीं मानते। मोदी सरकार के लिए अग्निवीर 'Use and Throw' मजदूर हैं। अग्निवीर सेना की स्कीम नहीं है, ये PMO की स्कीम है। हम सरकार में आएंगे तो अग्निवीर योजना को हटा देंगे क्योंकि ये सेना, सैनिक और देशभक्तों के खिलाफ है।
- पीएम कहते हैं कि महात्मा गांधी मर चुके हैं और गांधी को एक फिल्म द्वारा पुनर्जीवित किया गया था। क्या आप अज्ञानता को समझ सकते हैं?...
- हर धर्म में कहा गया है- डरो मत! गुरु नानक जी, जीसस क्राइस्ट, भगवान बुद्ध, भगवान महावीर.. सभी की तस्वीर में आपको अभय मुद्रा नजर आएगी। वे सभी कहते हैं- डरो मत और डराओ मत।
- NEET के छात्र परीक्षा की तैयारी में सालों बिता देते हैं। उनके परिवार उन्हें आर्थिक और भावनात्मक रूप से सहयोग करते हैं। और सच तो यह है कि अब NEET के छात्र इस परीक्षा पर विश्वास नहीं करते। उन्हें यकीन है कि यह परीक्षा अमीर लोगों के लिए बनाई गई है, मेधावी लोगों के लिए नहीं, ताकि अमीर लोगों के लिए कोटा बनाया जा सके और अमीर लोगों को सिस्टम में प्रवेश का रास्ता मिल सके।
जब राहुल गांधी को स्पीकर ने घेरा
लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने सोमवार को राहुल गांधी द्वारा सदन में भगवान शिव की तस्वीर दिखाने का विरोध किया। राहुल गांधी द्वारा भगवान शिव की तस्वीर दिखाने पर आपत्ति जताते हुए अध्यक्ष ने कहा, "नियम तख्तियां दिखाने की अनुमति नहीं देते।"
बीजेपी पर सदन में बरसे राहुल गांधी (फोटो- कांग्रेस)
किसका सम्मान किसका अपमान
राहुल गांधी ने अपने भाषण के दौरान ओम बिरला पर पीएम मोदी के सामने झुकने का आरोप लगाया था, जिसपर ओम बिरला ने जवाब देते हुए कहा- ‘‘प्रधानमंत्री सदन के नेता हैं। सार्वजनिक जीवन में और व्यक्तिगत जीवन में हमारे संस्कार हैं कि अपने से किसी बड़े से मिलें तो झुककर सम्मान करें, वहीं अपने समान लोगों या उम्र में छोटे लोगों से बराबर से मिलें। मैं इस संस्कृति और संस्कारों का पालन करता हूं। यह बात मैं आसन से कह सकता हूं। मेरी संस्कृति है कि बड़ों का झुककर सम्मान करें और जरूरत पड़े तो पैर भी छूएं।’’
राहुल गांधी बोले- अध्यक्ष से बड़ा कोई नहीं
इस पर राहुल गांधी ने अध्यक्ष बिरला से कहा कि वह उनकी बात का सम्मान करते हैं। उन्होंने कहा, ‘‘लेकिन इस सदन में आपसे बड़ा कोई नहीं है। यहां आपकी बात आखिरी बात होती है। आप जो कहते हैं, वह भारतीय लोकतंत्र को परिभाषित करता है। इस आसन पर दो लोग बैठे हैं। लोकसभा के अध्यक्ष और श्रीमान ओम बिरला। सभी को आपका सम्मान करना चाहिए। मैं आपके सामने झुकूंगा और सारा विपक्ष आपके सामने झुकेगा।’’
