Bihar Election: बिहार विधानसभा चुनाव के पहले चरण के मतदान के बाद हुई पोस्ट पोल स्क्रूटनी की प्रक्रिया मंगलवार को शांतिपूर्ण और पारदर्शी तरीके से पूरी कर ली गई। निर्वाचन आयोग ने स्पष्ट किया है कि जांच के दौरान किसी भी विधानसभा सीट पर पुनर्मतदान (Re-poll) की आवश्यकता नहीं पाई गई है।
बिहार में पहले चरण में कही नहीं होगी पुनर्मतदान (फोटो- EC)
नहीं मिली कोई अनियमितता
पहले चरण में कुल 121 विधानसभा सीटों के लिए मतदान हुआ था। स्क्रूटनी प्रक्रिया में सभी 121 रिटर्निंग ऑफिसर (RO) और 121 जनरल ऑब्जर्वर मौजूद रहे। इसके अलावा लगभग 455 उम्मीदवारों या उनके अधिकृत एजेंटों ने भी इस प्रक्रिया में भाग लिया। चुनाव आयोग के अनुसार, फॉर्म 17A और अन्य मतदान से जुड़े दस्तावेजों की गहन जांच की गई, लेकिन किसी भी मतदान केंद्र पर अनियमितता या गड़बड़ी नहीं पाई गई। पूरी प्रक्रिया की वीडियोग्राफी कराई गई और जांच पूरी होने के बाद सभी दस्तावेजों को दोबारा सील कर दिया गया।
बिहार में पहले चरण में लगभग 65 प्रतिशत मतदान
आयोग ने कहा कि यह पूरी प्रक्रिया निर्धारित दिशानिर्देशों के अनुसार संपन्न हुई और पहले चरण का मतदान पूरी तरह पारदर्शी और निष्पक्ष पाया गया। बिहार में विधानसभा चुनाव के पहले चरण में बृहस्पतिवार को 121 सीटों पर लगभग 65 फीसदी मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया, जो राज्य के चुनावी इतिहास में अब तक का सबसे अधिक मतदान प्रतिशत है। इस ऐतिहासिक मतदान ने लगभग 20 वर्षों से सत्ता पर काबिज राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) और विपक्षी ‘इंडिया’ गठबंधन के बीच ‘सुशासन बनाम सबको नौकरी’ की जंग को निर्णायक मोड़ पर ला दिया है।
