झारखंड T-20 लीग (JPL) के फाइनल मुकाबले के दौरान रांची के जेएससीए स्टेडियम में भारी भीड़ के कारण भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। जिसमें कई लोग घायल हो गए। बताया जा रहा है कि घटना में कम से कम 8 लोग घायल हो गए। जिन्हें तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है। घटना के बाद स्वास्थ्य विभाग और पुलिस ने लोगों के लिए तत्काल राहत एवं उपचार की व्यवस्था की। फिलहाल हालात काबू में हैं। लेकिन प्रत्यक्षदर्शियों ने स्टेडियम में अव्यवस्था का आरोप लगाया है।
स्टेडियम में फ्री एंट्री के कारण उमड़ी भारी भीड़
जानकारी के अनुसार, फाइनल मैच में दर्शकों के लिए प्रवेश निशुल्क (Free Entry) रखा गया था। जिसके कारण स्टेडियम के बाहर बड़ी तादाद में क्रिकेट प्रेमी पहुंच गए। भीड़ अधिक होने पर प्रशासन ने स्टेडियम के गेट बंद कर दिए, जिससे बाहर मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई। इस दौरान कुछ लोग गेट और दीवार फांदकर स्टेडियम के अंदर जाने का प्रयास करने लगे। जिसके बाद भगदड़ जैसी स्थिति बन गई।
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा- घबराने की जरूरत नहीं
झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी ने कहा कि घटना के बाद स्वास्थ्य विभाग को अलर्ट कर दिया गया। एंबुलेंस मौके पर भेजी गईं और अस्पतालों को घायलों के बेहतर इलाज के लिए तैयार रहने के निर्देश दिए गए। उन्होंने लोगों से कहा कि उन्हें घबराने की जरूरत नहीं होने, सभी घायलों को जरूरी मेडिकल सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है।
स्टेडिम का सिर्फ एक गेट लोगों के लिए खुला था
रांची के एसएसपी राकेश रंजन ने बताया कि आम जनता के लिए केवल एक गेट खोला गया था। सुरक्षा जांच (फ्रिस्किंग) की प्रक्रिया धीमी होने के चलते बाहर भीड़ का दबाव बढ़ने लगा। जिसके चलते कुछ देर के लिए हालात बेकाबू हो गए। हालांकि पुलिस ने तुरंत मोर्चा संभाला और स्थिति पर काबू पाया।
स्टेडियम में अव्यवस्था का आरोप
वहीं, प्रत्यक्षदर्शियों ने आयोजन के दौरान भीड़ प्रबंधन की कमी का आरोप लगाया। उनका कहना है कि फाइनल मैच के बावजूद स्टेडियम के पर्याप्त गेट नहीं खोले गए। जिससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। इस दौरान कुछ लोगों ने चोरी की घटना और चोट लगने की भी शिकायत की है। फिलहाल स्थिति पूरी तरह से काबू में है और पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है।
