दिल्ली : मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने आज यहां कहा कि पंजाब में बिजली की कोई कमी नहीं आने दी जाएगी, क्योंकि केंद्रीय बिजली मंत्री मनोहर लाल खट्टर के साथ हुई बैठक के बाद केंद्र ने राज्य को बिजली और कोयले की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने का भरोसा दिया है। उन्होंने कहा कि पंजाब इस वर्ष केंद्रीय पूल में 180 लाख मीट्रिक टन (एलएमटी) चावल का योगदान देगा। उन्होंने कहा कि देश के अन्न भंडार में राज्य के इस योगदान को लगातार जारी रखने के लिए विश्वसनीय बिजली आपूर्ति अनिवार्य है। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने शाहपुर कंडी बांध के संबंध में राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) द्वारा बार-बार जारी किए जा रहे नोटिसों पर भी चिंता जताई और बताया कि कोयले की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए राज्य सरकार कोल इंडिया और झारखंड सरकार के साथ लगातार संपर्क बनाए हुए है।
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने केंद्रीय बिजली मंत्री से की मुलाकात
अन्न भंडार में 180 लाख मीट्रिक टन चावल का योगदान
इस बैठक के कुछ महत्वपूर्ण पहलुओं को साझा करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि आज मैंने केंद्रीय बिजली मंत्री मनोहर लाल खट्टर जी के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की, जिसके दौरान पंजाब को बिजली और कोयले की निर्बाध आपूर्ति से संबंधित मुद्दों पर सार्थक चर्चा हुई। हमने केंद्र को अवगत कराया कि पंजाब देश के अन्न भंडार में 180 लाख मीट्रिक टन चावल का योगदान देता है और इस योगदान को बनाए रखने के लिए निर्बाध बिजली आपूर्ति बेहद जरूरी है। मुझे खुशी है कि केंद्रीय मंत्री ने हमारी लगभग सभी मांगें स्वीकार कर ली हैं और बिजली तथा कोयले की निर्बाध आपूर्ति का भरोसा दिया है।
बैठक के बाद मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “बैठक के दौरान पंजाब स्टेट पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (पीएसपीसीएल) से संबंधित कई मुद्दों, विशेष रूप से कोयले की आपूर्ति और बिजली के संबंध में विस्तारपूर्वक विचार-विमर्श किया गया। हमारा उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि पंजाब को कोयले या बिजली की किसी प्रकार की कमी का सामना न करना पड़े और बिजली उत्पादन बिना किसी रुकावट के जारी रहे। पंजाब केंद्रीय पूल में 180 लाख मीट्रिक टन चावल की आपूर्ति करता है और इतनी बड़ी मात्रा में अनाज उत्पादन के लिए निर्बाध बिजली आपूर्ति अत्यंत जरूरी है।”
मुख्यमंत्री ने कहा, “हम पछवाड़ा कोयला खदानों से कोयले की आपूर्ति के संबंध में कोल इंडिया और झारखंड सरकार के साथ लगातार संपर्क बनाए हुए हैं। हमारी प्राथमिकता यह सुनिश्चित करना है कि कोयले की आपूर्ति में कोई बाधा न आए, ताकि पंजाब बिना किसी रुकावट के बिजली उत्पादन जारी रख सके। मुझे संतोष है कि केंद्रीय बिजली मंत्री ने हमें बिजली और कोयले की पर्याप्त तथा निरंतर आपूर्ति का भरोसा दिया है। हमने भी केंद्र को आश्वासन दिया है कि देश की खाद्यान्न संबंधी जरूरतों को पूरा करने के लिए पंजाब हमेशा अग्रणी भूमिका निभाता रहेगा।”
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “मैंने केंद्रीय बिजली मंत्री मनोहर लाल खट्टर को पंजाब में रणजीत सागर और शाहपुर कंडी बांध परियोजनाओं का दौरा करने के लिए आमंत्रित किया है। बांध का निर्माण पूरा होने के बाद राज्य को पर्यावरण संबंधी प्राधिकरणों या राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) की ओर से बार-बार नोटिस जारी होने की समस्या का सामना नहीं करना पड़ेगा। हमें चल रही परियोजना के संबंध में लगभग हर वर्ष एक या दो नोटिस मिलते रहते हैं, जिससे अनावश्यक परेशानियां पैदा होती हैं।
